इकाईवार अंक

इकाई पुस्तक अंक खंड
इतिहास भारत और समकालीन विश्व - 2 18 + 2 मानचित्र = 20 क
भूगोल समकालीन भारत - 2 17 + 3 मानचित्र = 20 ख
राजनीति विज्ञान लोकतांत्रिक राजनीति - 2 20 ग
अर्थशास्त्र आर्थिक विकास की समझ 20 घ
कुल 80

अध्ययन किए गए चारों प्रश्न पत्रों (2026-27 का सैंपल पेपर और 2025, फरवरी 2026 तथा मई 2026 के बोर्ड प्रश्न पत्र) में ये योग नहीं बदले। एक खंड के भीतर अध्यायों के अंक प्रश्न पत्र-दर-प्रश्न पत्र बदलते हैं; खंड का योग नहीं बदलता।

अध्यायवार अंक और हर अध्याय से आने वाले प्रश्न

नीचे दिए अंक सैंपल पेपर और 2026 के दोनों बोर्ड प्रश्न पत्रों से हैं, जो वर्तमान ढाँचे पर हैं। 2025 का प्रश्न पत्र पुराने ढाँचे पर था, इसलिए वह केवल आख़िरी स्तंभ में आता है। नीचे "तीनों हाल के प्रश्न पत्र" का अर्थ है सैंपल पेपर और 2026 के दोनों प्रश्न पत्र। अंक ऐसे गिने गए हैं: 'अथवा' वाला प्रश्न पहले विकल्प के अध्याय में (दोनों विकल्प वैसे भी एक ही अध्याय के थे), स्रोत आधारित प्रश्न अपने अनुच्छेद के अध्याय में, और "चार में से कोई तीन" वाले मानचित्र प्रश्न के पहले तीन स्थान।

खंड अध्याय सैंपल पेपर फरवरी 2026 मई 2026 प्रायः क्या पूछा जाता है
क इतिहास (20) यूरोप में राष्ट्रवाद का उदय 4 5 5 फरवरी 2026 (जर्मनी अथवा इटली का एकीकरण) और 2025 (नेपोलियन की संहिता अथवा उदारवाद) में 5 अंक का प्रश्न; सैंपल पेपर (नारी रूपक अथवा यूनानी स्वतंत्रता संग्राम) और मई 2026 (पोलिश भाषा) में 3 अंक का प्रश्न; सैंपल पेपर, मई 2026 और 2025 में बहुविकल्पीय प्रश्न (1815 के बाद सेंसरशिप, कालक्रम, डाक टिकट का चित्र, एकीकृत इटली)
भारत में राष्ट्रवाद 8 7 8 हर प्रश्न पत्र में इतिहास का 2 अंक वाला मानचित्र प्रश्न। सैंपल पेपर (असहयोग आंदोलन के आर्थिक प्रभाव अथवा सविनय अवज्ञा में व्यापारी) और मई 2026 (सविनय अवज्ञा में महिलाएँ) में 5 अंक का प्रश्न; फरवरी 2026 में स्रोत आधारित प्रश्न (भारत छोड़ो आंदोलन); 2025 में असहयोग आंदोलन पर 3 अंक का प्रश्न; तीनों हाल के प्रश्न पत्रों में एक बहुविकल्पीय प्रश्न (जुलूस का चित्र, कालक्रम, लाहौर अधिवेशन)
भूमंडलीकृत विश्व का बनना (केवल आधुनिक युग से पहले का विश्व) 3 3 2 तीनों हाल के प्रश्न पत्रों में प्र. 5, यानी इतिहास का 2 अंक का प्रश्न: स्पेनी विजेताओं का 'हथियार' बने कीटाणु, भोजन और सांस्कृतिक आदान-प्रदान अथवा व्यापार और संस्कृति, अमेरिका में यूरोपीय साम्राज्य का फैलाव। कभी-कभी एक बहुविकल्पीय प्रश्न भी (रेशम मार्ग; पेरू और मेक्सिको की चाँदी)
मुद्रण संस्कृति और आधुनिक दुनिया 5 5 5 सैंपल पेपर (भारत में मुद्रण का आना), मई 2026 और 2025 (दोनों बार मुद्रण और सेंसरशिप) में इतिहास का स्रोत आधारित प्रश्न; फरवरी 2026 में 3 अंक का प्रश्न (मुद्रण और फ्रांसीसी क्रांति अथवा बौद्ध प्रचारक); एक या दो बहुविकल्पीय प्रश्न, जैसे कालक्रम या लेखक और रचना का मिलान (दोनों 2026 प्रश्न पत्र)
ख भूगोल (20) संसाधन एवं विकास 2 2 3 संसाधनों के प्रकार, संसाधन नियोजन, मृदा और भू-उपयोग पर बहुविकल्पीय प्रश्न (सैंपल पेपर और फरवरी 2026 में दो-दो); मई 2026 में 3 अंक का प्रश्न (नवीकरण योग्य और अनवीकरण योग्य संसाधन); 2025 में 2 अंक का प्रश्न
वन एवं वन्य जीव संसाधन 4 2 1 सैंपल पेपर में स्रोत आधारित प्रश्न (समुदाय और वन संरक्षण, चिपको); बाकी बहुविकल्पीय: राष्ट्रीय उद्यान और उनके राज्य, बीज बचाओ आंदोलन (फरवरी 2026), वनों पर अभिकथन-कारण (मई 2026), क्षेत्रफल के अनुसार वनों की श्रेणियाँ (2025)
जल संसाधन 3 5 4 दोनों 2026 प्रश्न पत्रों में स्रोत आधारित प्रश्न (सरदार सरोवर; उद्योगों और शहरों की पानी की माँग); सैंपल पेपर में 2 अंक का प्रश्न (वर्षा जल संग्रहण); सैंपल पेपर और फरवरी 2026 में मानचित्र पर बाँध; 2025 में बाँध और नदी का मिलान
कृषि 5 3 3 सैंपल पेपर में 5 अंक का प्रश्न (किसान के लिए चाय अथवा कॉफ़ी; चावल अथवा गेहूँ); संकेतों से फसल पहचानने या कर्तन-दहन कृषि के नामों को राज्यों से मिलाने वाले बहुविकल्पीय प्रश्न; फरवरी 2026 में 2 अंक का (आधुनिक खेती) और 2025 में 3 अंक का प्रश्न (कर्तन-दहन कृषि); मई 2026 और 2025 में मानचित्र पर अग्रणी फसल-उत्पादक राज्य
खनिज तथा ऊर्जा संसाधन 2 7 2 सैंपल पेपर और मई 2026 में दो बहुविकल्पीय प्रश्न (प्लेसर निक्षेप, लौह अयस्क की पेटियाँ और प्रकार, बॉक्साइट वाले राज्य); फरवरी 2026 में 5 अंक का प्रश्न (पेट्रोलियम अथवा कोयला: महत्व 3 + वितरण 2); फरवरी 2026 और 2025 में मानचित्र पर परमाणु विद्युत संयंत्र
विनिर्माण उद्योग 4 1 6 मई 2026 में 5 अंक का प्रश्न (विनिर्माण का महत्व अथवा कृषि और उद्योग का संबंध); सैंपल पेपर में कारण वाला बहुविकल्पीय और एक अभिकथन-कारण (बुनाई; बेंगलुरु का IT उद्योग); हर प्रश्न पत्र में मानचित्र पर इस्पात संयंत्र, सूती वस्त्र केंद्र या सॉफ़्टवेयर प्रौद्योगिकी पार्क
राष्ट्रीय अर्थव्यवस्था की जीवन रेखाएँ (केवल मानचित्र) 0 0 1 केवल मानचित्र पर: हर प्रश्न पत्र में एक पत्तन या हवाई अड्डा (तीनों बोर्ड प्रश्न पत्रों में अमृतसर हवाई अड्डा, मई 2026 में कांडला पत्तन, सैंपल पेपर में मीनम्बकम हवाई अड्डा)
ग राजनीति विज्ञान (20) सत्ता की साझेदारी 4 5 5 हर प्रश्न पत्र में बहुविकल्पीय या अभिकथन-कारण (बेल्जियम, श्रीलंका, सत्ता की साझेदारी के रूप, युक्तिपरक कारण); सैंपल पेपर (बेल्जियम) और मई 2026 (सत्ता की साझेदारी क्यों अथवा नियंत्रण और संतुलन) में 2 अंक का प्रश्न; फरवरी 2026 में स्रोत आधारित प्रश्न (क्षैतिज बँटवारा)
संघवाद 5 4 –* सैंपल पेपर में 5 अंक का प्रश्न (1992 के संशोधन अथवा भारत को संघीय क्या बनाता है); फरवरी 2026 में शक्तियों के बँटवारे पर 3 अंक का प्रश्न और पंचायती राज पर कथनों वाला बहुविकल्पीय; 2025 में स्रोत आधारित प्रश्न (पोर्टो अलेग्रे)
जाति, धर्म और लैंगिक मसले 3 2 –* सैंपल पेपर, फरवरी 2026 और 2025 में लिखित प्रश्न: जाति और चुनाव पर 3 अंक का (सैंपल पेपर), महिला उद्यमिता (फरवरी 2026) और लैंगिक असमानता दूर करने (2025) पर 2 अंक के प्रश्न
राजनीतिक दल 5 6 4 हर प्रश्न पत्र में बहुविकल्पीय (आंतरिक लोकतंत्र, राष्ट्रीय और राज्यीय दल, शपथ पत्र वाला आदेश, दल के घटक); सैंपल पेपर में स्रोत आधारित, फरवरी 2026 में 5 अंक का, मई 2026 और 2025 में 3 अंक का प्रश्न। बहुदलीय व्यवस्था चार में से तीन प्रश्न पत्रों में आई
लोकतंत्र के परिणाम 3 3 1* सैंपल पेपर और फरवरी 2026 में कार्टून वाला बहुविकल्पीय और 2 अंक का प्रश्न (नागरिक सत्ता में हिस्सेदार; लोकतंत्र और तानाशाही); मई 2026 में अभिकथन-कारण (वैध सरकार); 2025 में 5 अंक का प्रश्न (परिणामों को परखने के आधार अथवा लोकतंत्र के मूल्य)
घ अर्थशास्त्र (20) विकास 6 6 5 तीनों हाल के प्रश्न पत्रों में 5 या 6 अंक। विकास के लक्ष्य, औसत आय, HDI, उपस्थिति अनुपात और BMI पर बहुविकल्पीय प्रश्न; सैंपल पेपर (तीन राज्यों की शिशु मृत्यु दर, साक्षरता और उपस्थिति की तालिका) और 2025 (भूजल और धारणीयता) में 5 अंक का प्रश्न; फरवरी 2026 में धारणीयता पर 3 अंक का; मई 2026 में 2 अंक का (विकास की अलग-अलग धारणाएँ)
भारतीय अर्थव्यवस्था के क्षेत्रक 5 6 6* सैंपल पेपर और मई 2026 में क्षेत्रकवार GDP का जोड़ या तालिका वाला बहुविकल्पीय; फरवरी 2026 में 5 अंक का प्रश्न (प्राथमिक और द्वितीयक अथवा संगठित और असंगठित); प्रच्छन्न बेरोज़गारी (सैंपल पेपर) और सार्वजनिक-निजी क्षेत्रक (2025) पर 3 अंक का प्रश्न
मुद्रा और साख 5 4 5 हर प्रश्न पत्र में बहुविकल्पीय (विनिमय का माध्यम, ऋण की शर्तें, कर्ज़ के स्रोत); सैंपल पेपर (स्वयं सहायता समूह बैंक का जोखिम कैसे घटाते हैं) और फरवरी 2026 (रिज़र्व बैंक) में 3 अंक का प्रश्न; मई 2026 (माँग जमा और चेक) और 2025 (सहकारी समितियाँ) में स्रोत आधारित प्रश्न
वैश्वीकरण और भारतीय अर्थव्यवस्था (केवल बोर्ड वाला भाग) 4 4 4* तीनों हाल के प्रश्न पत्रों में एक बहुविकल्पीय (या अभिकथन-कारण), जिसमें दोनों 2026 प्रश्न पत्रों में उदारीकरण पर एक प्रश्न; सैंपल पेपर (प्रौद्योगिकी और उदारीकरण) और फरवरी 2026 (नई प्रौद्योगिकी ने दुनिया को जोड़ा) में 3 अंक का प्रश्न

* मई 2026: राजनीति विज्ञान के 10 अंकों के तीन प्रश्न (2 अंक, 3 अंक और 5 अंक वाला) यहाँ नहीं गिने गए, क्योंकि अध्ययन की गई प्रति में उनकी भाषा साफ़ पढ़ी नहीं जा सकी। वे संघवाद; जाति, धर्म और लैंगिक मसले; या लोकतंत्र के परिणाम से थे। अर्थशास्त्र में भी प्र. 36 (3 अंक) और प्र. 37 (5 अंक) की भाषा आंशिक रूप से ही पढ़ी जा सकी; जो पढ़ा जा सका उसके आधार पर इन्हें वैश्वीकरण और क्षेत्रकों में गिना गया है, इसलिए मई 2026 के ये दो आँकड़े अनुमान पर आधारित हैं।

ध्यान देने लायक पैटर्न

  • इतिहास का 5 अंक वाला प्रश्न चारों प्रश्न पत्रों में 'भारत में राष्ट्रवाद' या 'यूरोप में राष्ट्रवाद का उदय' से आया, और उसका 'अथवा' भी उसी अध्याय से रहा। दोनों अध्याय लंबे उत्तर के लिए तैयार कीजिए।
  • प्र. 5 भूमंडलीकृत विश्व का प्रश्न है। सैंपल पेपर और दोनों 2026 प्रश्न पत्रों में इतिहास का 2 अंक वाला प्रश्न 'भूमंडलीकृत विश्व का बनना' से आया।
  • भूगोल का 5 अंक वाला प्रश्न अध्याय बदलता है: सैंपल पेपर में कृषि, फरवरी 2026 में खनिज तथा ऊर्जा संसाधन, मई 2026 में विनिर्माण उद्योग। भूगोल का कोई अध्याय छोड़ना सुरक्षित नहीं।
  • राजनीति विज्ञान का 5 अंक वाला प्रश्न सैंपल पेपर में संघवाद, फरवरी 2026 में राजनीतिक दल और 2025 में लोकतंत्र के परिणाम से था।
  • अर्थशास्त्र का 5 अंक वाला प्रश्न सैंपल पेपर और 2025 में विकास से और फरवरी 2026 में क्षेत्रकों से था। आँकड़ों की तालिका पर केवल सैंपल पेपर वाला प्रश्न बना था।
  • स्रोत आधारित प्रश्न: इतिहास वाला चार में से तीन प्रश्न पत्रों (सैंपल पेपर, मई 2026, 2025) में मुद्रण संस्कृति से और एक बार (फरवरी 2026) भारत में राष्ट्रवाद से आया। भूगोल वाला वन एवं वन्य जीव संसाधन (सैंपल पेपर) या जल संसाधन (दोनों 2026 प्रश्न पत्र) से आया; 2025 में भूगोल में यह नहीं था।
  • 4 में से 2 प्रश्न पत्रों में अर्थशास्त्र में स्रोत आधारित प्रश्न था (मई 2026 और 2025), और दोनों बार मुद्रा और साख से। राजनीति विज्ञान वाला राजनीतिक दल (सैंपल पेपर), सत्ता की साझेदारी (फरवरी 2026) और संघवाद, पोर्टो अलेग्रे पर (2025) से आया; मई 2026 में राजनीति विज्ञान में यह नहीं था।
  • हर प्रश्न पत्र में अर्थशास्त्र में संख्याएँ या तालिका थी: औसत आय, क्षेत्रकवार GDP का जोड़, राज्यों या देशों की तालिका।

2026-27 में हटाए गए या बोर्ड परीक्षा से बाहर विषय

पुरानी गाइड किताबों में ये विषय अब भी मिलते हैं। बोर्ड परीक्षा के लिए इन्हें न पढ़िए। इनमें से कुछ विद्यालय में परियोजना या आवधिक परीक्षा के लिए अब भी पढ़ाए जाते हैं।

अध्याय बोर्ड परीक्षा में नहीं क्या शामिल है
इतिहास: औद्योगीकरण का युग पूरा अध्याय (केवल विद्यालय का आवधिक मूल्यांकन) बोर्ड के लिए कुछ नहीं
इतिहास: भूमंडलीकृत विश्व का बनना "उन्नीसवीं शताब्दी (1815-1914)" से आगे सब कुछ: विश्व अर्थव्यवस्था का बनना, रिंडरपेस्ट, अनुबंधित श्रमिक, महायुद्धों के बीच की अर्थव्यवस्था, महामंदी, ब्रेटन वुड्स और उसके बाद (विद्यालय परियोजना) केवल "आधुनिक युग से पहले": रेशम मार्ग, भोजन की यात्रा (स्पैगेटी और आलू), विजय, बीमारी और व्यापार
भूगोल: राष्ट्रीय अर्थव्यवस्था की जीवन रेखाएँ पूरा पाठ (विद्यालय परियोजना) केवल मानचित्र पर समुद्री पत्तन और अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे
अर्थशास्त्र: वैश्वीकरण और भारतीय अर्थव्यवस्था विभिन्न देशों के बीच उत्पादन, भारत में चीनी खिलौने, विश्व व्यापार संगठन, न्यायसंगत वैश्वीकरण के लिए संघर्ष (विद्यालय परियोजना) "वैश्वीकरण क्या है?" और "वैश्वीकरण को संभव बनाने वाले कारक" (प्रौद्योगिकी; विदेश व्यापार और निवेश का उदारीकरण)। साथ ही यह भी जानिए कि बहुराष्ट्रीय कंपनियाँ विभिन्न देशों के उत्पादन और बाज़ारों को कैसे जोड़ती हैं, और भारत पर वैश्वीकरण के प्रभाव के मूल बिंदु: मई 2026 का एक प्रश्न "भारत की सरकारें … विशेष कदम उठा रही हैं" से शुरू हुआ, जो विदेशी निवेश आकर्षित करने वाली पाठ्यपुस्तक की पंक्ति है
अर्थशास्त्र: उपभोक्ता अधिकार पूरा अध्याय (केवल परियोजना कार्य) बोर्ड के लिए कुछ नहीं
2022 में किताबों से हटाए गए इतिहास: इंडो-चाइना में राष्ट्रवादी आंदोलन; काम, आराम और जीवन; उपन्यास, समाज और इतिहास। राजनीति विज्ञान: लोकतंत्र और विविधता; जन-संघर्ष और आंदोलन; लोकतंत्र की चुनौतियाँ कुछ नहीं: इन्हें छोड़ दीजिए

जो आसानी से छूट जाता है, पर शामिल है: विकेंद्रीकरण, 1992 के संशोधन और पंचायती राज (संघवाद का हिस्सा); धारणीयता और भूजल (विकास का हिस्सा); संसाधन एवं विकास से मृदा, मानचित्र सूची में; जीवन रेखाएँ अध्याय के पत्तन और हवाई अड्डे, मानचित्र पर।

आसान अंक कहाँ हैं

मानचित्र। पाँच अंक तय सूचियों से आते हैं: इतिहास के 8 स्थान और भूगोल की एक सूची जिसे पूरा याद किया जा सकता है। हर बोर्ड प्रश्न पत्र में इतिहास में एक संकेत नमक यात्रा का और एक कांग्रेस अधिवेशन का था, और तीनों में भूगोल का एक स्थान अमृतसर हवाई अड्डा था।

20 बहुविकल्पीय प्रश्न। ये 20 अंकों के हैं और अध्ययन किए गए चारों प्रश्न पत्रों में वही कुछ रूप दोहराए गए (प्रश्न पत्र का पैटर्न देखिए)। हर रूप का तब तक अभ्यास कीजिए जब तक एक प्रश्न लगभग एक मिनट में न होने लगे।

छोटे अध्याय, स्थिर अंक:

अध्याय अंक (सैंपल पेपर, फरवरी 2026, मई 2026) क्या पक्का करें
भूमंडलीकृत विश्व का बनना 3, 3, 2 रेशम मार्ग; नूडल्स, स्पैगेटी और आलू (और आयरलैंड का अकाल); चेचक और अमेरिका पर विजय; पेरू और मेक्सिको की चाँदी
मुद्रण संस्कृति और आधुनिक दुनिया 5, 5, 5 गुटेनबर्ग का प्रेस, मुद्रण और धर्म-सुधार, पढ़ने का जुनून, मुद्रण और फ्रांसीसी क्रांति, भारत में मुद्रण, वर्नाक्युलर प्रेस एक्ट; लेखक और उनकी रचनाएँ
वैश्वीकरण और भारतीय अर्थव्यवस्था 4, 4, 4* वैश्वीकरण क्या है, उसमें बहुराष्ट्रीय कंपनियों की भूमिका, प्रौद्योगिकी, और विदेश व्यापार तथा निवेश का उदारीकरण
मुद्रा और साख 5, 4, 5 आवश्यकताओं का दोहरा संयोग, माँग जमा और चेक, ऋण की शर्तें, औपचारिक और अनौपचारिक साख, स्वयं सहायता समूह, रिज़र्व बैंक
सत्ता की साझेदारी 4, 5, 5 बेल्जियम और श्रीलंका, युक्तिपरक और नैतिक कारण, सत्ता की साझेदारी के चार रूप

इन पाँच अध्यायों पर तीनों हाल के प्रश्न पत्रों में से हर एक में लगभग 21 अंक थे (* मई 2026 में वैश्वीकरण का आँकड़ा अनुमान पर आधारित है), यानी प्रश्न पत्र के एक-चौथाई से ज़्यादा, और पढ़ना काफ़ी कम है।

अर्थशास्त्र की संख्याएँ। औसत आय या क्षेत्रकवार GDP का जोड़ एक पंक्ति का हिसाब है: सैंपल पेपर में ₹900 करोड़ के GDP में प्राथमिक ₹300 करोड़ और तृतीयक ₹400 करोड़ हो, तो द्वितीयक क्षेत्रक के ₹200 करोड़ बचते हैं।