नमूना गद्यांश:
"परिश्रम मनुष्य के जीवन की सबसे बड़ी पूँजी है। जो व्यक्ति निरंतर परिश्रम करता है, वह किसी भी परिस्थिति में असफल नहीं होता। संसार के सभी महान् व्यक्तियों ने अपने जीवन में कठोर परिश्रम करके ही सफलता प्राप्त की है। इसके विपरीत, जो व्यक्ति आलस्य में समय व्यतीत करता है, वह जीवन में पीछे रह जाता है। आजकल के युवाओं में परिश्रम की अपेक्षा शॉर्टकट अपनाने की प्रवृत्ति बढ़ रही है, जो चिंताजनक है। हमें अपने बच्चों को बचपन से ही परिश्रम का महत्व समझाना चाहिए, ताकि वे जीवन की चुनौतियों का सामना दृढ़ता से कर सकें। स्मरण रहे, परिश्रम कभी व्यर्थ नहीं जाता — देर-सवेर उसका फल अवश्य मिलता है।"
प्रश्न 1: गद्यांश के लिए उपयुक्त शीर्षक दीजिए। उत्तर: 'परिश्रम का महत्व' अथवा 'सफलता की कुंजी: परिश्रम'
प्रश्न 2: गद्यांश का सार संक्षेप में लिखिए। उत्तर: परिश्रम मनुष्य की सबसे बड़ी पूँजी है — परिश्रमी व्यक्ति कभी असफल नहीं होता, जबकि आलसी व्यक्ति पीछे रह जाता है। आजकल युवाओं में शॉर्टकट अपनाने की प्रवृत्ति चिंताजनक है, अतः बच्चों को बचपन से ही परिश्रम का महत्व सिखाना चाहिए।
प्रश्न 3: निम्नलिखित प्रश्नों के एक शब्द/वाक्य में उत्तर दीजिए।
(क) मनुष्य के जीवन की सबसे बड़ी पूँजी क्या है? — उत्तर: परिश्रम (ख) आजकल युवाओं में कौन-सी प्रवृत्ति बढ़ रही है? — उत्तर: शॉर्टकट अपनाने की प्रवृत्ति (ग) परिश्रम कब फल देता है? — उत्तर: देर-सवेर (अंततः)
प्रश्न 4: 'परिश्रम' शब्द का पर्यायवाची शब्द लिखिए। उत्तर: मेहनत / श्रम
प्रश्न 5: 'आलस्य' शब्द का विलोम शब्द लिखिए। उत्तर: परिश्रम / स्फूर्ति
[Exam Tip] ध्यान दें कि प्रश्न 3 के सभी उत्तर सीधे गद्यांश में से लिए गए हैं (शब्दशः या भावार्थ सहित) — बाहरी जानकारी नहीं जोड़ी गई है, जो अपठित गद्यांश हल करने का मूल सिद्धांत है।