सोडियम हाइड्रॉक्साइड (NaOHNaOH) — कास्टिक सोडा

सोडियम हाइड्रॉक्साइड को कास्टिक सोडा (caustic soda) भी कहते हैं — 'caustic' अर्थात जलाने वाला — क्योंकि यह त्वचा/लकड़ी आदि को क्षति पहुँचाता है।

निर्माण — क्लोर-क्षार प्रक्रिया (Chlor-Alkali Process)

साधारण नमक के जलीय विलयन (नमकीन = brine) के विद्युत-अपघटन से NaOHNaOH बनता है।

अभिक्रिया:

2NaCl(aq)+2H2O(l)विद्युत2NaOH(aq)+Cl2(g)+H2(g)2NaCl(aq) + 2H_2O(l) \xrightarrow{\text{विद्युत}} 2NaOH(aq) + Cl_2(g) + H_2(g)

तीन उपयोगी उत्पाद:

  • एनोड पर: क्लोरीन गैस (Cl2Cl_2)
  • कैथोड पर: हाइड्रोजन गैस (H2H_2)
  • कैथोड के पास विलयन में: सोडियम हाइड्रॉक्साइड (NaOHNaOH)

प्रत्येक उत्पाद के उपयोग

Cl2Cl_2 (क्लोरीन गैस):

  • जल शुद्धीकरण (पीने का पानी)।
  • कागज़ उद्योग में विरंजन।
  • PVC प्लास्टिक बनाने में।
  • विरंजक चूर्ण (CaOCl2CaOCl_2) बनाने में।

H2H_2 (हाइड्रोजन गैस):

  • अमोनिया बनाने में (हेबर प्रक्रिया)।
  • ईंधन के रूप में।
  • वनस्पति घी बनाने में (हाइड्रोजनीकरण)।

NaOHNaOH (कास्टिक सोडा):

  • साबुन और डिटर्जेंट उद्योग में।
  • कागज़ निर्माण में।
  • कृत्रिम रेशा (artificial fibre) बनाने में।
  • पेट्रोलियम शुद्धीकरण में।
  • रंजक (dyes) बनाने में।

[बोर्ड महत्वपूर्ण] क्लोर-क्षार प्रक्रिया के तीन उत्पाद और उनके उपयोग।

क्लोर-क्षार प्रक्रिया: सोडियम क्लोराइड विलयन का विद्युत अपघटन

आरेख के अंग्रेज़ी लेबलों के हिन्दी अर्थ:

English (in image) हिन्दी
Brine (NaCl solution) लवण जल (NaCl विलयन)
Anode (+) ऐनोड (+)
Cathode (-) कैथोड (-)
Chlorine gas क्लोरीन गैस
Hydrogen gas हाइड्रोजन गैस
Sodium hydroxide solution सोडियम हाइड्रॉक्साइड विलयन
Battery बैटरी

विरंजक चूर्ण (CaOCl2CaOCl_2) — Bleaching Powder

सूत्र: CaOCl2CaOCl_2 — कैल्शियम ऑक्सीक्लोराइड सामान्य नाम: विरंजक चूर्ण या ब्लीचिंग पाउडर

निर्माण

विधि: सूखे बुझे चूने पर क्लोरीन गैस की क्रिया।

अभिक्रिया:

Ca(OH)2+Cl2CaOCl2+H2OCa(OH)_2 + Cl_2 \rightarrow CaOCl_2 + H_2O

(बुझा चूना) (क्लोरीन) (विरंजक चूर्ण)

भौतिक गुण

  • रंग: हल्का पीला-सफ़ेद
  • गंध: तेज़ क्लोरीन-जैसी
  • स्थिति: ठोस चूर्ण
  • गुण: नमी और CO2CO_2 के संपर्क में टूटता है

उपयोग

1. वस्त्र उद्योग:

  • कपास, लिनेन को सफ़ेद करने (विरंजन)।
  • क्लोरीन गैस का उत्सर्जन — रंजकों को नष्ट।

2. कागज़ उद्योग:

  • कागज़ का गूदा (pulp) सफ़ेद करने।

3. जल शुद्धीकरण:

  • पीने के पानी से जीवाणुओं को मारना।
  • स्विमिंग पूल में।

4. कीटाणुनाशक:

  • अस्पतालों, घरों में।

5. रासायनिक उद्योग:

  • क्लोरोफॉर्म (CHCl3CHCl_3) बनाने में।

विरंजन कैसे काम करता है?

विरंजक चूर्ण जल/CO2CO_2 के संपर्क में Cl2Cl_2 छोड़ता है:

CaOCl2+H2OCa(OH)2+Cl2CaOCl_2 + H_2O \rightarrow Ca(OH)_2 + Cl_2

मुक्त Cl2Cl_2 एक प्रबल ऑक्सीकारक है — रंजकों को रंगहीन बनाता है। जल को कीटाणुरहित करता है।

सावधानी

  • बंद पात्र में रखें (नमी और CO2CO_2 से बचें)।
  • त्वचा से सीधा संपर्क न करें (जलन)।
  • आँखों में पड़ने पर तुरंत पानी से धोएँ।

[बोर्ड महत्वपूर्ण] विरंजक चूर्ण का सूत्र, निर्माण, और तीन उपयोग।

बेकिंग सोडा (NaHCO3NaHCO_3) — खाने का सोडा

सूत्र: NaHCO3NaHCO_3 — सोडियम हाइड्रोजन कार्बोनेट सामान्य नाम: बेकिंग सोडा या खाने का सोडा

निर्माण — सॉल्वे प्रक्रिया (Solvay Process) का भाग

NaClNaCl के विलयन में CO2CO_2 और NH3NH_3 की क्रिया से बनता है।

अभिक्रिया:

NaCl+H2O+CO2+NH3NH4Cl+NaHCO3NaCl + H_2O + CO_2 + NH_3 \rightarrow NH_4Cl + NaHCO_3

(कम विलेयता के कारण NaHCO3NaHCO_3 अवक्षेपित होता है, जिसे फ़िल्टर कर लिया जाता है।)

भौतिक गुण

  • रंग: सफ़ेद चूर्ण
  • गंध: गंधहीन
  • स्वाद: हल्का क्षारकीय (कड़वा-नमकीन)
  • pH: ~ 8.5 (हल्का क्षारकीय)
  • जल में घुलनशील

गर्म करने पर अपघटन

2NaHCO3ΔNa2CO3+H2O+CO22NaHCO_3 \xrightarrow{\Delta} Na_2CO_3 + H_2O + CO_2\uparrow

(यानी गर्म होने पर CO2CO_2 निकलती है — यह बेकिंग सोडा के अधिकांश उपयोगों का कारण है।)

उपयोग

1. खाद्य उद्योग — बेकिंग में:

  • केक, बिस्कुट, ब्रेड बनाने में।
  • गर्म होने पर CO2CO_2 निकलती है — आटा फूलाता है।
  • भोजन हल्का और स्पंजी हो जाता है।

2. एसिडिटी का घरेलू उपचार: NaHCO3+HClNaCl+H2O+CO2NaHCO_3 + HCl \rightarrow NaCl + H_2O + CO_2 (पेट का HClHCl उदासीन)

3. अग्नि-शामक यंत्र:

  • NaHCO3NaHCO_3 + तनु अम्ल → CO2CO_2
  • CO2CO_2 आग बुझाती है।

4. कीड़े-मकोड़े के डंक का उपचार:

  • मधुमक्खी, चींटी के डंक (अम्लीय) पर।

5. बेकिंग पाउडर का घटक:

  • बेकिंग पाउडर = NaHCO3NaHCO_3 + टार्टरिक अम्ल।
  • जल मिलने पर CO2CO_2 देता है।

बेकिंग पाउडर बनाम बेकिंग सोडा

विशेषता बेकिंग सोडा बेकिंग पाउडर
संघटन NaHCO3NaHCO_3 NaHCO3NaHCO_3 + टार्टरिक अम्ल
उपयोग अकेले — कुछ केक/बिस्कुट केक, बिस्कुट, ब्रेड में
क्रिया गर्म करने से CO2CO_2 जल मिलने से तुरंत CO2CO_2

रोचक तथ्य

केक स्पंजी क्यों होता है? बेकिंग सोडा से निकली CO2CO_2 बुलबुले बनाती है — आटा फूलकर हल्का होता है।

[बोर्ड में बार-बार] बेकिंग सोडा का सूत्र, निर्माण, और चार उपयोग।

धोने का सोडा (Na2CO310H2ONa_2CO_3 \cdot 10H_2O) — Washing Soda

सूत्र: Na2CO310H2ONa_2CO_3 \cdot 10H_2O — सोडियम कार्बोनेट डिकाहाइड्रेट सामान्य नाम: धोने का सोडा या सोडा एश

निर्माण

चरण 1: बेकिंग सोडा को गर्म करना:

2NaHCO3ΔNa2CO3+H2O+CO22NaHCO_3 \xrightarrow{\Delta} Na_2CO_3 + H_2O + CO_2

चरण 2: अनहाइड्रस Na2CO3Na_2CO_3 को जल में पुन:क्रिस्टलीकरण:

Na2CO3+10H2ONa2CO310H2ONa_2CO_3 + 10H_2O \rightarrow Na_2CO_3 \cdot 10H_2O

(10 क्रिस्टल जल अणु बँधते हैं — यही धोने का सोडा है।)

भौतिक गुण

  • रंग: सफ़ेद, क्रिस्टलीय
  • pH: ~ 11-12 (क्षारकीय)
  • जल में अति-घुलनशील
  • 10 क्रिस्टल जल अणु — Na2CO310H2ONa_2CO_3 \cdot 10H_2O

उपयोग

1. कपड़े धोने में:

  • क्षारकीय होने से तेल/मैल हटाता है।
  • कठोर जल को मुलायम बनाता है (Ca²⁺/Mg²⁺ को अवक्षेपित करता है)।

2. काँच उद्योग:

  • काँच बनाने का मुख्य कच्चा माल।
  • Na2OSiO2Na_2O \cdot SiO_2 के रूप में।

3. कागज़ उद्योग:

  • गूदे (pulp) के उपचार में।

4. साबुन और डिटर्जेंट उद्योग।

5. बोरेक्स (सुहागा) बनाने में।

6. प्रयोगशाला में:

  • अभिक्रिया-कर्मक के रूप में।

कठोर जल का मुलायम बनाना

कठोर जल में Ca2+Ca^{2+} और Mg2+Mg^{2+} आयन होते हैं — साबुन से अच्छा झाग नहीं बनता।

धोने का सोडा डालने पर:

Na2CO3+CaCl2CaCO3+2NaClNa_2CO_3 + CaCl_2 \rightarrow CaCO_3\downarrow + 2NaCl Na2CO3+MgCl2MgCO3+2NaClNa_2CO_3 + MgCl_2 \rightarrow MgCO_3\downarrow + 2NaCl

(कठोरता-आयन (Ca2+,Mg2+Ca^{2+}, Mg^{2+}) अवक्षेपित — जल मुलायम।)

[बोर्ड महत्वपूर्ण] धोने का सोडा का सूत्र, निर्माण, और कठोर जल को मुलायम कैसे बनाता है।

प्लास्टर ऑफ़ पेरिस (CaSO412H2OCaSO_4 \cdot \frac{1}{2}H_2O)

सूत्र: CaSO412H2OCaSO_4 \cdot \frac{1}{2}H_2O — कैल्शियम सल्फ़ेट हेमिहाइड्रेट (या लिखा जा सकता है: 2CaSO4H2O2CaSO_4 \cdot H_2O)

सामान्य नाम: प्लास्टर ऑफ़ पेरिस (POP) (पेरिस के पास पहले इसकी खानें थीं — इसी से नाम।)

निर्माण

विधि: जिप्सम (CaSO42H2OCaSO_4 \cdot 2H_2O) को 373 K (100°C) पर सावधानीपूर्वक गर्म करना।

अभिक्रिया:

CaSO42H2O373 KCaSO412H2O+32H2OCaSO_4 \cdot 2H_2O \xrightarrow{373 \text{ K}} CaSO_4 \cdot \frac{1}{2}H_2O + \frac{3}{2}H_2O

(जिप्सम) (POP)

सावधानी: 373 K से अधिक तापमान पर पूरा जल निकल जाएगा (अनहाइड्रस CaSO4CaSO_4 बनेगा) — और वह POP की तरह काम नहीं करता।

भौतिक गुण

  • रंग: सफ़ेद
  • स्थिति: ठोस चूर्ण
  • जल में मिलाने पर — जल्दी जमता है

विशेष गुण — जल से अभिक्रिया

जब POP में जल मिलाया जाता है — यह वापस जिप्सम बन जाता है, परंतु इस प्रक्रिया में यह एक कठोर ठोस बना देता है।

अभिक्रिया:

CaSO412H2O+32H2OCaSO42H2OCaSO_4 \cdot \frac{1}{2}H_2O + \frac{3}{2}H_2O \rightarrow CaSO_4 \cdot 2H_2O

(POP) (जिप्सम — कठोर)

उपयोग

1. चिकित्सा:

  • टूटी हड्डियों के plaster बनाने में।
  • POP जल के साथ मिलकर साँचे (cast) बनाता है — हड्डी को स्थिर रखता है।

2. कलाकारी और मूर्तिकला:

  • मूर्तियाँ, खिलौने बनाने में।
  • दीवार सजावट (decorative panels)।

3. निर्माण उद्योग:

  • सीलिंग टाइलें (False ceilings)।
  • दीवारों की सजावट।
  • दरारें भरने में।

4. प्रयोगशाला:

  • गैसों को सुखाने में (आर्द्रता-शोषक)।

5. आग-रोधी सामग्री।

सावधानी — भंडारण

POP को नम जगह से दूर बंद पात्र में रखें — क्योंकि जल मिलने पर तुरंत जिप्सम बनकर कठोर हो जाता है।

एक रोचक तथ्य

POP और जिप्सम — दोनों ही CaSO4CaSO_4 का रूप हैं — परंतु जल अणुओं की संख्या में अंतर है।

  • जिप्सम: CaSO42H2OCaSO_4 \cdot 2H_2O (2 जल अणु)
  • POP: CaSO412H2OCaSO_4 \cdot \frac{1}{2}H_2O (आधा जल अणु प्रति इकाई)
  • अनहाइड्रस: CaSO4CaSO_4 (कोई जल नहीं — POP की तरह काम नहीं करता)

[बोर्ड महत्वपूर्ण] POP का सूत्र, निर्माण (जिप्सम से), और तीन उपयोग।

🧠 स्मृति कैप्सूल (Memory Capsule)

बोर्ड परीक्षा से ठीक पहले एक नज़र में देखने के लिए।

1. पाँच महत्वपूर्ण रसायन — साधारण नमक से

रसायन सूत्र सामान्य नाम
सोडियम हाइड्रॉक्साइड NaOHNaOH कास्टिक सोडा
विरंजक चूर्ण CaOCl2CaOCl_2 ब्लीचिंग पाउडर
बेकिंग सोडा NaHCO3NaHCO_3 खाने का सोडा
धोने का सोडा Na2CO310H2ONa_2CO_3 \cdot 10H_2O सोडा एश
प्लास्टर ऑफ़ पेरिस CaSO412H2OCaSO_4 \cdot \frac{1}{2}H_2O POP

2. क्लोर-क्षार प्रक्रिया

2NaCl+2H2Oविद्युत2NaOH+Cl2+H22NaCl + 2H_2O \xrightarrow{\text{विद्युत}} 2NaOH + Cl_2 + H_2

तीन उत्पाद: NaOHNaOH, Cl2Cl_2, H2H_2 — सब उपयोगी।

3. विरंजक चूर्ण

  • निर्माण: Ca(OH)2+Cl2CaOCl2+H2OCa(OH)_2 + Cl_2 \rightarrow CaOCl_2 + H_2O
  • उपयोग: विरंजन (कपास, कागज़), जल शुद्धीकरण, कीटाणुनाशक।

4. बेकिंग सोडा

  • निर्माण (Solvay): NaCl+H2O+CO2+NH3NH4Cl+NaHCO3NaCl + H_2O + CO_2 + NH_3 \rightarrow NH_4Cl + NaHCO_3
  • गर्म करने पर: 2NaHCO3Na2CO3+H2O+CO22NaHCO_3 \rightarrow Na_2CO_3 + H_2O + CO_2
  • उपयोग: बेकिंग, एंटैसिड, अग्नि-शामक यंत्र।

5. धोने का सोडा

  • निर्माण: बेकिंग सोडा को गर्म कर Na2CO3Na_2CO_3 + पुन:क्रिस्टलीकरण।
  • उपयोग: कपड़े धोना, काँच उद्योग, कठोर जल मुलायम करना।

6. प्लास्टर ऑफ़ पेरिस

  • निर्माण: CaSO42H2O373KCaSO412H2O+32H2OCaSO_4 \cdot 2H_2O \xrightarrow{373 K} CaSO_4 \cdot \frac{1}{2}H_2O + \frac{3}{2}H_2O
  • जल से वापस जिप्सम: हड्डी का plaster, मूर्तियाँ, सीलिंग।

7. प्रसिद्ध अभिक्रियाएँ

रसायन अभिक्रिया
बेकिंग सोडा गर्म 2NaHCO3Na2CO3+H2O+CO22NaHCO_3 \rightarrow Na_2CO_3 + H_2O + CO_2
बेकिंग सोडा + अम्ल NaHCO3+HClNaCl+H2O+CO2NaHCO_3 + HCl \rightarrow NaCl + H_2O + CO_2
विरंजक चूर्ण + जल CaOCl2+H2OCa(OH)2+Cl2CaOCl_2 + H_2O \rightarrow Ca(OH)_2 + Cl_2
धोने का सोडा + कठोर जल Na2CO3+CaCl2CaCO3+2NaClNa_2CO_3 + CaCl_2 \rightarrow CaCO_3\downarrow + 2NaCl
POP + जल CaSO412H2O+32H2OCaSO42H2OCaSO_4 \cdot \frac{1}{2}H_2O + \frac{3}{2}H_2O \rightarrow CaSO_4 \cdot 2H_2O

8. बोर्ड के 'सुनहरे' प्रश्न

  1. क्लोर-क्षार प्रक्रिया के तीन उत्पाद और उपयोग।
  2. विरंजक चूर्ण का निर्माण और तीन उपयोग।
  3. बेकिंग सोडा और धोने के सोडा में अंतर।
  4. POP कैसे बनता है? तीन उपयोग।
  5. केक स्पंजी क्यों होता है?
  6. बेकिंग पाउडर बनाम बेकिंग सोडा।

अंतिम सूत्र: साधारण नमक से 5 महत्वपूर्ण रसायन — कास्टिक सोडा, विरंजक चूर्ण, बेकिंग सोडा, धोने का सोडा, और प्लास्टर ऑफ़ पेरिस — सभी रोज़मर्रा में उपयोगी।

हल किए गए उदाहरण

उदाहरण 1: NCERT — क्लोर-क्षार प्रक्रिया

क्लोर-क्षार प्रक्रिया क्या है? इसके तीन उत्पादों के नाम, निकलने का स्थान, और प्रत्येक का एक उपयोग बताइए।

हल:

परिभाषा: साधारण नमक के जलीय विलयन (नमकीन) के विद्युत-अपघटन की प्रक्रिया — इससे तीन महत्वपूर्ण रसायन बनते हैं।

अभिक्रिया:

2NaCl(aq)+2H2O(l)विद्युत2NaOH(aq)+Cl2(g)+H2(g)2NaCl(aq) + 2H_2O(l) \xrightarrow{\text{विद्युत}} 2NaOH(aq) + Cl_2(g) + H_2(g)

तीन उत्पाद और उनकी जगह:

उत्पाद निकलने का स्थान एक उपयोग
Cl2Cl_2 गैस एनोड पर (+) जल शुद्धीकरण; PVC; विरंजक चूर्ण बनाने में
H2H_2 गैस कैथोड पर (-) अमोनिया बनाने में; ईंधन; वनस्पति घी
NaOHNaOH कैथोड के पास विलयन में साबुन उद्योग; कागज़ निर्माण

'क्लोर' = क्लोरीन; 'क्षार' = क्षारक (NaOHNaOH) — इसी से नाम।

[NCERT पाठ्यपुस्तक प्रश्न]

उदाहरण 2: NCERT — विरंजक चूर्ण

विरंजक चूर्ण क्या है? इसका निर्माण, सूत्र, और तीन उपयोग बताइए।

हल:

विरंजक चूर्ण (CaOCl2CaOCl_2) — कैल्शियम ऑक्सीक्लोराइड।

निर्माण:

सूखे बुझे चूने (Ca(OH)2Ca(OH)_2) पर क्लोरीन गैस की क्रिया।

अभिक्रिया:

Ca(OH)2+Cl2CaOCl2+H2OCa(OH)_2 + Cl_2 \rightarrow CaOCl_2 + H_2O

(बुझा चूना) (क्लोरीन) (विरंजक चूर्ण)

सूत्र: CaOCl2CaOCl_2

तीन उपयोग:

1. वस्त्र उद्योग में विरंजन:

  • कपास, लिनेन को सफ़ेद करने में।
  • Cl2Cl_2 के उत्सर्जन से रंजक नष्ट।

2. कागज़ उद्योग में:

  • कागज़ का गूदा सफ़ेद करने।

3. जल शुद्धीकरण:

  • पीने के जल को कीटाणुरहित करने।
  • स्विमिंग पूल में।

अन्य उपयोग:

  • कीटाणुनाशक (अस्पताल, घर में)।
  • क्लोरोफॉर्म बनाने में।

सावधानी: बंद पात्र में रखें (नमी और CO2CO_2 से बचें)।

[NCERT पाठ्यपुस्तक प्रश्न]

उदाहरण 3: NCERT — बेकिंग सोडा

बेकिंग सोडा क्या है? निर्माण, सूत्र, और चार उपयोग बताइए।

हल:

बेकिंग सोडा (NaHCO3NaHCO_3) — सोडियम हाइड्रोजन कार्बोनेट।

सामान्य नाम: खाने का सोडा।

निर्माण (सॉल्वे प्रक्रिया का भाग):

NaClNaCl के विलयन में CO2CO_2 और NH3NH_3 की क्रिया।

अभिक्रिया:

NaCl+H2O+CO2+NH3NH4Cl+NaHCO3NaCl + H_2O + CO_2 + NH_3 \rightarrow NH_4Cl + NaHCO_3

(कम विलेयता के कारण NaHCO3NaHCO_3 अवक्षेपित होता है।)

सूत्र: NaHCO3NaHCO_3

गर्म करने पर:

2NaHCO3ΔNa2CO3+H2O+CO22NaHCO_3 \xrightarrow{\Delta} Na_2CO_3 + H_2O + CO_2

चार उपयोग:

1. खाद्य उद्योग — बेकिंग में:

  • केक, बिस्कुट, ब्रेड बनाने में। गर्म होने पर CO2CO_2 निकलती है — आटा फूलकर स्पंजी।

2. एसिडिटी का घरेलू उपचार: NaHCO3+HClNaCl+H2O+CO2NaHCO_3 + HCl \rightarrow NaCl + H_2O + CO_2 (पेट का HClHCl उदासीन)

3. अग्नि-शामक यंत्र में:

  • NaHCO3NaHCO_3 + अम्ल → CO2CO_2 निकलती है — आग बुझाती है।

4. कीड़े के डंक का उपचार:

  • मधुमक्खी, चींटी के डंक (अम्लीय) पर।

[NCERT पाठ्यपुस्तक प्रश्न — बार-बार]

उदाहरण 4: NCERT — धोने का सोडा

धोने का सोडा क्या है? सूत्र, निर्माण, और कठोर जल को मुलायम कैसे बनाता है? व्याख्या करें।

हल:

धोने का सोडा (Na2CO310H2ONa_2CO_3 \cdot 10H_2O) — सोडियम कार्बोनेट डिकाहाइड्रेट।

सामान्य नाम: सोडा एश।

सूत्र: Na2CO310H2ONa_2CO_3 \cdot 10H_2O (10 क्रिस्टल जल अणु)।

निर्माण (दो चरणों में):

चरण 1: बेकिंग सोडा को गर्म करना:

2NaHCO3ΔNa2CO3+H2O+CO22NaHCO_3 \xrightarrow{\Delta} Na_2CO_3 + H_2O + CO_2

चरण 2: अनहाइड्रस Na2CO3Na_2CO_3 को जल में पुन:क्रिस्टलीकरण:

Na2CO3+10H2ONa2CO310H2ONa_2CO_3 + 10H_2O \rightarrow Na_2CO_3 \cdot 10H_2O

कठोर जल को मुलायम कैसे करता है?

कठोर जल में Ca2+Ca^{2+} और Mg2+Mg^{2+} आयन होते हैं — साबुन से अच्छा झाग नहीं बनता।

धोने का सोडा डालने पर:

Na2CO3+CaCl2CaCO3+2NaClNa_2CO_3 + CaCl_2 \rightarrow CaCO_3\downarrow + 2NaCl Na2CO3+MgCl2MgCO3+2NaClNa_2CO_3 + MgCl_2 \rightarrow MgCO_3\downarrow + 2NaCl

परिणाम:

  • कठोरता-आयन (Ca2+,Mg2+Ca^{2+}, Mg^{2+}) अघुलनशील कार्बोनेट के रूप में अवक्षेपित।
  • जल में केवल Na+Na^+ बचता है — मुलायम जल।
  • अब साबुन अच्छा झाग देता है।

अन्य उपयोग:

  • काँच उद्योग।
  • कागज़, साबुन, डिटर्जेंट।
  • बोरेक्स बनाने में।

[NCERT पाठ्यपुस्तक प्रश्न]

उदाहरण 5: NCERT — प्लास्टर ऑफ़ पेरिस

प्लास्टर ऑफ़ पेरिस क्या है? निर्माण, सूत्र, और तीन उपयोग बताइए।

हल:

प्लास्टर ऑफ़ पेरिस (POP) — कैल्शियम सल्फ़ेट हेमिहाइड्रेट।

सूत्र: CaSO412H2OCaSO_4 \cdot \frac{1}{2}H_2O (या 2CaSO4H2O2CaSO_4 \cdot H_2O)।

नाम का अर्थ: पेरिस के पास पहले इसकी खानें थीं — इसी से 'पेरिस का प्लास्टर'।

निर्माण:

जिप्सम (CaSO42H2OCaSO_4 \cdot 2H_2O) को सावधानीपूर्वक 373 K (100°C) पर गर्म करना।

अभिक्रिया:

CaSO42H2O373KCaSO412H2O+32H2OCaSO_4 \cdot 2H_2O \xrightarrow{373 K} CaSO_4 \cdot \frac{1}{2}H_2O + \frac{3}{2}H_2O

सावधानी: 373 K से अधिक तापमान न दें — पूरा जल निकल जाएगा (अनहाइड्रस CaSO4CaSO_4 बनेगा), जो POP की तरह काम नहीं करता।

विशेष गुण:

जल मिलाने पर POP वापस जिप्सम बन जाता है — इस प्रक्रिया में कठोर ठोस बनाता है।

CaSO412H2O+32H2OCaSO42H2OCaSO_4 \cdot \frac{1}{2}H_2O + \frac{3}{2}H_2O \rightarrow CaSO_4 \cdot 2H_2O

(कठोर — साँचा बनाने में सहायक)

तीन उपयोग:

1. चिकित्सा — टूटी हड्डियों के Plaster:

  • POP जल के साथ साँचा बनाता है।
  • हड्डी को स्थिर रखता है — सही जुड़ने में सहायक।

2. कलाकारी और मूर्तिकला:

  • मूर्तियाँ, खिलौने, मॉडल बनाने में।
  • चिकनी सतह के लिए उपयुक्त।

3. निर्माण उद्योग:

  • सीलिंग टाइलें (false ceiling)।
  • दीवार सजावट।
  • दरारें भरने में।

अन्य उपयोग:

  • प्रयोगशाला में आर्द्रता-शोषक।
  • दंत-चिकित्सा में।

सावधानी: POP को नम जगह से दूर बंद पात्र में रखें।

[NCERT पाठ्यपुस्तक प्रश्न — बार-बार]

उदाहरण 6: बेकिंग सोडा बनाम धोने का सोडा

बेकिंग सोडा और धोने के सोडा में पाँच अंतर बताइए।

हल:

तुलनात्मक तालिका:

आधार बेकिंग सोडा धोने का सोडा
रासायनिक नाम सोडियम हाइड्रोजन कार्बोनेट सोडियम कार्बोनेट डिकाहाइड्रेट
सूत्र NaHCO3NaHCO_3 Na2CO310H2ONa_2CO_3 \cdot 10H_2O
क्रिस्टल जल नहीं 10 जल अणु
pH ~ 8.5 (हल्का क्षारकीय) ~ 11-12 (अधिक क्षारकीय)
उपयोग भोजन में, एसिडिटी कपड़े धोने, काँच उद्योग
गर्म करने पर Na2CO3+H2O+CO2Na_2CO_3 + H_2O + CO_2 देता है थोड़ा गर्म करने पर जल त्यागता है
खाद्य उपयोग हाँ (खाने में) नहीं (कास्टिक नहीं)

सम्बन्ध:

  • दोनों में Na2CO3Na_2CO_3 का संबंध है।
  • बेकिंग सोडा को गर्म करने पर ही धोने का सोडा बनता है (परोक्ष रूप से)।

व्यावहारिक अंतर:

  • रसोई में बेकिंग सोडा।
  • कपड़े धोने में धोने का सोडा।

[बोर्ड में 5-अंक प्रश्न]

उदाहरण 7: NCERT — केक स्पंजी क्यों?

जब बेकिंग सोडा का उपयोग केक बनाने में होता है, तो केक स्पंजी क्यों हो जाता है? रासायनिक अभिक्रिया लिखें।

हल:

सिद्धांत: बेकिंग सोडा गर्म होने पर CO2CO_2 गैस निकालता है — जो आटे में बुलबुले बनाकर उसे फूलाती है।

अभिक्रिया (गर्म करने पर):

2NaHCO3ΔNa2CO3+H2O+CO22NaHCO_3 \xrightarrow{\Delta} Na_2CO_3 + H_2O + CO_2\uparrow

चरण-दर-चरण क्या होता है?

  1. केक का आटा गूँधते समय — बेकिंग सोडा या बेकिंग पाउडर मिलाया जाता है।
  2. ओवन में गर्म करते समय — बेकिंग सोडा अपघटित होता है।
  3. CO2CO_2 बुलबुले आटे में बनते हैं।
  4. आटा फूलकर हल्का और स्पंजी हो जाता है।
  5. ओवन से निकालने पर ये बुलबुले 'फँसे' रहते हैं — स्पंजी संरचना।

बेकिंग पाउडर का काम:

  • बेकिंग पाउडर = NaHCO3NaHCO_3 + टार्टरिक अम्ल।
  • जल मिलने पर, टार्टरिक अम्ल NaHCO3NaHCO_3 से क्रिया करता है — तुरंत CO2CO_2 देता है
  • ओवन की ज़रूरत नहीं — कक्षीय तापमान पर भी।

टार्टरिक अम्ल क्यों मिलाते हैं?

  • सिर्फ़ बेकिंग सोडा से Na2CO3Na_2CO_3 बनेगा — इसका कड़वा स्वाद होता है।
  • टार्टरिक अम्ल + Na2CO3Na_2CO_3 = सोडियम टार्ट्रेट (स्वादहीन)।
  • खाद्य संरक्षण के लिए स्वाद ख़राब नहीं होगा।

[NCERT पाठ्यपुस्तक प्रश्न]

उदाहरण 8: एक मिश्र प्रश्न — पाँच रसायनों के उपयोग

निम्न रसायनों के एक-एक प्रमुख उपयोग बताइए: (a) NaOHNaOH (b) CaOCl2CaOCl_2 (c) NaHCO3NaHCO_3 (d) Na2CO310H2ONa_2CO_3 \cdot 10H_2O (e) CaSO412H2OCaSO_4 \cdot \frac{1}{2}H_2O

हल:

रसायन प्रमुख उपयोग
(a) NaOHNaOH (कास्टिक सोडा) साबुन और डिटर्जेंट उद्योग में
(b) CaOCl2CaOCl_2 (विरंजक चूर्ण) कपास/कागज़ का विरंजन; जल शुद्धीकरण
(c) NaHCO3NaHCO_3 (बेकिंग सोडा) केक/बिस्कुट में फूलाव; एसिडिटी का उपचार
(d) Na2CO310H2ONa_2CO_3 \cdot 10H_2O (धोने का सोडा) कपड़े धोना; कठोर जल मुलायम करना; काँच उद्योग
(e) CaSO412H2OCaSO_4 \cdot \frac{1}{2}H_2O (POP) टूटी हड्डियों के plaster; मूर्तिकला; सीलिंग

सामान्य रूप — सब साधारण नमक से या उससे संबंधित:

NaCl (साधारण नमक)
   |
   |--> NaOH (क्लोर-क्षार) -----> Cl_2 ----> CaOCl_2 (विरंजक)
   |                                |
   |                                |
   |--> NaHCO_3 (Solvay) -------> Na_2CO_3 -----> Na_2CO_3 . 10H_2O
                                                  (धोने का सोडा)

जबकि POP जिप्सम से बनता है (साधारण नमक से अप्रत्यक्ष संबंध)।

[बोर्ड में 5-अंक का प्रश्न]

उदाहरण 9: NCERT — POP और जिप्सम

जिप्सम और प्लास्टर ऑफ़ पेरिस में क्या अंतर है? POP को बंद पात्र में क्यों रखते हैं?

हल:

तुलनात्मक तालिका:

आधार जिप्सम प्लास्टर ऑफ़ पेरिस
रासायनिक नाम कैल्शियम सल्फ़ेट डाइहाइड्रेट कैल्शियम सल्फ़ेट हेमिहाइड्रेट
सूत्र CaSO42H2OCaSO_4 \cdot 2H_2O CaSO412H2OCaSO_4 \cdot \frac{1}{2}H_2O
जल अणु 2 1/2
स्थिति प्राकृतिक खनिज जिप्सम से बनाया गया
जल से क्रिया कोई परिवर्तन नहीं कठोर जिप्सम बनाता है

दोनों के बीच परिवर्तन:

जिप्सम373 KΔPOP+32H2O\text{जिप्सम} \xrightarrow[\text{373 K}]{\Delta} \text{POP} + \frac{3}{2}H_2O

POP+32H2Oजिप्सम\text{POP} + \frac{3}{2}H_2O \rightarrow \text{जिप्सम}

POP को बंद पात्र में क्यों?

कारण:

  • POP आर्द्रता को सोखता है (हाइग्रोस्कोपिक)।
  • नम वातावरण में POP जल मिलाकर जिप्सम बन जाता है।
  • एक बार जिप्सम बन गया तो POP की तरह काम नहीं करेगा।
  • बेकार हो जाएगा।

अभिक्रिया (नम हवा में):

CaSO412H2O+32H2OCaSO42H2OCaSO_4 \cdot \frac{1}{2}H_2O + \frac{3}{2}H_2O \rightarrow CaSO_4 \cdot 2H_2O

(POP) (जिप्सम — कठोर, बेकार)

सावधानियाँ:

  • वायुरोधी (airtight) पात्र।
  • सूखी जगह में रखें।
  • नमी के दिनों में अधिक सावधानी।

[NCERT पाठ्यपुस्तक प्रश्न]

उदाहरण 10: एसिडिटी और बेकिंग सोडा

एसिडिटी होने पर बेकिंग सोडा क्यों लेते हैं? रासायनिक अभिक्रिया लिखें। क्या होगा यदि बहुत अधिक बेकिंग सोडा ले लें?

हल:

एसिडिटी का उपचार:

पेट में अधिक HClHCl → जलन। बेकिंग सोडा क्षारक — अम्ल को उदासीन।

अभिक्रिया:

NaHCO3+HClNaCl+H2O+CO2NaHCO_3 + HCl \rightarrow NaCl + H_2O + CO_2\uparrow

लाभ:

  1. पेट का pH सामान्य।
  2. जलन कम।
  3. आराम मिलता है।

यदि बहुत अधिक बेकिंग सोडा?

तत्काल समस्या — डकार:

  • CO2CO_2 बहुत बनती है।
  • डकार के रूप में निकलती है।
  • कभी-कभी पेट में जलन।

लंबे समय के परिणाम:

  • एल्कलोसिस — रक्त का pH बढ़ना।
  • उच्च रक्तचाप — सोडियम का उच्च सेवन।
  • गुर्दे की समस्या।
  • खनिज असंतुलन।

बेहतर विकल्प:

1. मिल्क ऑफ़ मैग्नीशिया (Mg(OH)2Mg(OH)_2):

  • क्षारकीय परंतु सोडियम-मुक्त।
  • रक्तचाप पर असर नहीं।

2. कैल्शियम कार्बोनेट गोलियाँ (CaCO3CaCO_3):

  • स्थिर, सुरक्षित।

3. लंबी अवधि के लिए — डॉक्टर से मिलें।

सावधानी:

  • बेकिंग सोडा का दैनिक उपयोग न करें।
  • 1-2 चम्मच से अधिक नहीं।

[बोर्ड + सुरक्षा-संदर्भित प्रश्न]

उदाहरण 11: NCERT — कास्टिक सोडा का नाम 'कास्टिक' क्यों?

सोडियम हाइड्रॉक्साइड को 'कास्टिक सोडा' क्यों कहते हैं?

हल:

'Caustic' का अर्थ: जलाने वाला, क्षति पहुँचाने वाला — लैटिन शब्द causticus से।

NaOHNaOH कास्टिक क्यों?

1. त्वचा पर असर:

  • NaOHNaOH बहुत प्रबल क्षारक है।
  • त्वचा से सीधा संपर्क — गंभीर जलन।
  • जलन का प्रकार: केमिकल बर्न (chemical burn)
  • त्वचा की प्रोटीन को 'विकृत' करता है।

2. सेलुलोज़ पर असर:

  • कागज़, लकड़ी, कपास — सब कार्बनिक हैं।
  • NaOHNaOH इन्हें तोड़ देता है।
  • इसी कारण कागज़/कपड़ा उद्योग में उपयोग।

3. वसा/तेल पर असर:

  • वसा को साबुनीकृत (saponify) करता है।
  • इसी कारण साबुन उद्योग में।

सावधानियाँ:

  • त्वचा से दूर रखें।
  • गॉगल्स, दस्ताने पहनें।
  • दुर्घटना में तुरंत बहुत पानी से धोएँ।
  • पेशेवर मार्गदर्शन में काम करें।

अनुप्रयोग जहाँ इसकी 'काॅस्टिकता' काम आती है:

1. साबुन उद्योग: वसा + NaOHNaOH → साबुन + ग्लिसरॉल (साबुनीकरण)

2. कागज़ निर्माण: लकड़ी से कागज़ का गूदा बनाने में।

3. पेट्रोलियम शुद्धीकरण।

4. नालियों की सफ़ाई:

  • नाली में फँसे बाल, वसा को घुलाता है।
  • सावधानी: घर में उपयोग जोखिम भरा।

सीख: नाम 'कास्टिक' इसकी प्रबल क्षारकीय और संक्षारक प्रकृति का प्रतीक है।

उदाहरण 12: NCERT — कठोर जल और सोडा

कठोर जल क्या है? धोने का सोडा कठोर जल को मुलायम कैसे बनाता है? रासायनिक अभिक्रिया लिखें।

हल:

कठोर जल:

वह जल जिसमें Ca2+Ca^{2+} और Mg2+Mg^{2+} आयनों की अधिक मात्रा होती है — साबुन के साथ अच्छा झाग नहीं बनाता।

कठोर जल की समस्याएँ:

  1. साबुन के साथ झाग कम — साबुन का अधिक उपयोग।
  2. एक 'खुर्दुरा' अवक्षेप (scum) बनता है — कपड़े पर निशान।
  3. पाइपों में अवक्षेप — समय के साथ रुकावट।
  4. बॉयलर में 'स्केल' — दक्षता कम।

धोने का सोडा कैसे काम करता है?

सिद्धांत: धोने का सोडा (Na2CO3Na_2CO_3) कठोरता-आयनों (Ca2+,Mg2+Ca^{2+}, Mg^{2+}) को अघुलनशील कार्बोनेट के रूप में अवक्षेपित कर देता है।

अभिक्रियाएँ:

(1) Ca2+Ca^{2+} युक्त कठोरता: Na2CO3+CaCl2CaCO3+2NaClNa_2CO_3 + CaCl_2 \rightarrow CaCO_3\downarrow + 2NaCl

(2) Mg2+Mg^{2+} युक्त कठोरता: Na2CO3+MgCl2MgCO3+2NaClNa_2CO_3 + MgCl_2 \rightarrow MgCO_3\downarrow + 2NaCl

(3) Ca(HCO3)2Ca(HCO_3)_2 युक्त कठोरता: Na2CO3+Ca(HCO3)2CaCO3+2NaHCO3Na_2CO_3 + Ca(HCO_3)_2 \rightarrow CaCO_3\downarrow + 2NaHCO_3

परिणाम:

  • Ca2+,Mg2+Ca^{2+}, Mg^{2+} आयन अघुलनशील रूप में बाहर हो जाते हैं।
  • जल में केवल Na+Na^+ बचता है — मुलायम जल।
  • अब साबुन अच्छा झाग देता है।

अन्य उपाय:

  • आयन-विनिमय राल (Ion-exchange resin)।
  • आसवन (distillation)।

[बोर्ड में 5-अंक प्रश्न]

उदाहरण 13: संख्यात्मक — POP और जिप्सम

100 g जिप्सम से कितना POP बनेगा? (Ca=40, S=32, O=16, H=1)

हल:

  1. अभिक्रिया: CaSO42H2O373KCaSO412H2O+32H2OCaSO_4 \cdot 2H_2O \xrightarrow{373 K} CaSO_4 \cdot \frac{1}{2}H_2O + \frac{3}{2}H_2O

  2. अणुभार:

  • जिप्सम CaSO42H2OCaSO_4 \cdot 2H_2O = 40+32+64+36=17240 + 32 + 64 + 36 = 172 g/mol
  • POP CaSO412H2OCaSO_4 \cdot \frac{1}{2}H_2O = 40+32+64+9=14540 + 32 + 64 + 9 = 145 g/mol
  1. मोल अनुपात: 1 mol जिप्सम → 1 mol POP

  2. द्रव्यमान अनुपात: 172 g → 145 g

  3. 100 g जिप्सम से: POP=145172×100=84.3 g\text{POP} = \frac{145}{172} \times 100 = 84.3 \text{ g}

उत्तर: 84.3 g POP बनेगा।

अंतर का कारण: शेष द्रव्यमान (10084.3=15.7100 - 84.3 = 15.7 g) जल के रूप में निकल जाता है।

सत्यापन:

  • जल का अंतर: 172145=27172 - 145 = 27 g per mole जिप्सम।
  • यानी 27172×100=15.7\frac{27}{172} \times 100 = 15.7 g per 100 g जिप्सम। ✓

विशेष टिप्पणी: जिप्सम को 373 K पर सावधानी से गर्म करना ज़रूरी — अधिक तापमान पर पूरा जल निकल जाएगा।

उदाहरण 14: NCERT — विरंजक चूर्ण की क्रिया

विरंजक चूर्ण विरंजन कैसे करता है? रासायनिक अभिक्रिया लिखें।

हल:

विरंजन (Bleaching): रंगीन पदार्थ को रंगहीन बनाने की प्रक्रिया।

विरंजक चूर्ण CaOCl2CaOCl_2 की क्रिया:

चरण 1: जल या नमी के संपर्क में, विरंजक चूर्ण मुक्त Cl2Cl_2 देता है:

CaOCl2+H2OCa(OH)2+Cl2CaOCl_2 + H_2O \rightarrow Ca(OH)_2 + Cl_2

चरण 2: मुक्त Cl2Cl_2 जल से क्रिया करके हाइपोक्लोरस अम्ल (HOClHOCl) बनाता है:

Cl2+H2OHOCl+HClCl_2 + H_2O \rightarrow HOCl + HCl

चरण 3: HOClHOCl का अपघटन — परमाण्विक ऑक्सीजन ([O][O]) निकलता है:

HOClHCl+[O]HOCl \rightarrow HCl + [O]

चरण 4: परमाण्विक ऑक्सीजन एक प्रबल ऑक्सीकारक है। यह रंजकों के अणुओं को ऑक्सीकृत कर रंगहीन यौगिक बना देता है।

सरलीकृत समीकरण:

रंगीन रंजक+[O]रंगहीन उत्पाद\text{रंगीन रंजक} + [O] \rightarrow \text{रंगहीन उत्पाद}

विरंजन के अनुप्रयोग

1. कपड़ा उद्योग:

  • कपास, लिनेन — अप्राकृतिक रंगों को सफ़ेद करना।

2. कागज़ उद्योग:

  • कागज़ के गूदे (pulp) को सफ़ेद बनाना।

3. लुगदी (Pulp) से सफ़ेद कागज़।

विरंजक चूर्ण बनाम क्लोरीन सीधे

क्लोरीन गैस सीधे उपयोग करना खतरनाक है। विरंजक चूर्ण इसे एक 'भंडार' के रूप में रखता है — आवश्यकता के अनुसार Cl2Cl_2 छोड़ता है।

[बोर्ड में 3-5 अंक]

उदाहरण 15: सुरक्षा प्रश्न — कास्टिक सोडा

प्रयोगशाला में कास्टिक सोडा (NaOHNaOH) से काम करते समय क्या-क्या सावधानियाँ रखनी चाहिए?

हल:

कास्टिक सोडा की खतरनाकता:

  • अति प्रबल क्षारक (pH ~ 14)।
  • त्वचा को 'जलाता' है (केमिकल बर्न)।
  • आँखों में पड़ने पर अंधापन का खतरा।
  • कपड़े को नष्ट करता है।
  • कागज़, लकड़ी को घुलाता है।

आवश्यक सावधानियाँ:

1. व्यक्तिगत सुरक्षा उपकरण (PPE):

  • गॉगल्स/सुरक्षा चश्मा अनिवार्य।
  • रबड़ के दस्ताने।
  • लंबी आस्तीन वाला लैब कोट।
  • बंद जूते।

2. कार्य के समय:

  • ठंडे जल से तनुकरण: हमेशा कास्टिक सोडा को जल में डालें (कभी जल को नहीं)।
  • धीरे-धीरे डालें।
  • लगातार हिलाते रहें
  • गर्मी निकले — बीकर ठंडा रखें।

3. भंडारण:

  • एयर-टाइट (वायुरोधी) पात्र।
  • नमी से दूर।
  • अम्लों से दूर।
  • बच्चों की पहुँच से दूर।

4. आपातकाल:

  • त्वचा पर पड़े: तुरंत बहुत पानी से 15 मिनट तक धोएँ।
  • आँख में पड़े: तुरंत आँख को पानी से धोएँ; डॉक्टर के पास जाएँ।
  • पीने पर: डॉक्टर के पास तुरंत — दूध या पानी पिलाएँ।
  • कभी उल्टी न कराएँ।

5. अपशिष्ट का निपटान:

  • सीधे नाली में न डालें।
  • तनु करके, उदासीन करके (सिरके से) निपटान।

6. लेबल पर ध्यान:

  • 'खतरा — संक्षारक' (Danger — Corrosive) लेबल।
  • सुरक्षा डेटा शीट (SDS) पढ़ें।

[बोर्ड + प्रयोगशाला सुरक्षा]

उदाहरण 16: समापन — साधारण नमक का परिवार

साधारण नमक से कितने महत्वपूर्ण रसायन बनते हैं? उनके सूत्र, सामान्य नाम, और एक-एक उपयोग के साथ बताइए।

हल:

साधारण नमक से सीधे या परोक्ष रूप से कई रसायन बनते हैं — कक्षा 10 स्तर पर मुख्यतः चार:

क्रम रसायन सूत्र सामान्य नाम एक उपयोग
1 सोडियम हाइड्रॉक्साइड NaOHNaOH कास्टिक सोडा साबुन उद्योग
2 सोडियम हाइड्रोजन कार्बोनेट NaHCO3NaHCO_3 बेकिंग सोडा / खाने का सोडा केक/बिस्कुट में
3 सोडियम कार्बोनेट डिकाहाइड्रेट Na2CO310H2ONa_2CO_3 \cdot 10H_2O धोने का सोडा कपड़े धोने में
4 विरंजक चूर्ण CaOCl2CaOCl_2 ब्लीचिंग पाउडर जल शुद्धीकरण

प्लास्टर ऑफ़ पेरिस (CaSO412H2OCaSO_4 \cdot \frac{1}{2}H_2O) — साधारण नमक से नहीं — जिप्सम से बनता है।

सम्बन्ध रेखाचित्र:

         NaCl
           |
  +-----------------+
  |                 |
  |                 |
NaOH (विद्युत)    NaHCO_3 (Solvay)
  |                 |
  | + Cl_2          |
  |                 |
Cl_2              Na_2CO_3 (गर्म करने पर)
  |                 |
  | + Ca(OH)_2      |
  |                 |
CaOCl_2          Na_2CO_3 . 10H_2O

बोर्ड के संदर्भ में मुख्य अंतर:

  • NaOH: क्षारक — साबुन, पेट्रोलियम।
  • NaHCO_3: हल्का क्षारक — खाने में, एसिडिटी।
  • Na_2CO_3 . 10H_2O: मध्यम क्षारक — कपड़े धोने में।
  • CaOCl_2: ऑक्सीकारक — विरंजन, जल शुद्धीकरण।
  • POP: कठोरीकरण — हड्डी, मूर्तिकला।

[बोर्ड में 5-अंक का बहु-विषय प्रश्न]