इस अनुभाग के बारे में
यह अध्याय 2 के सभी विषयों के 30+ हल किए गए उदाहरणों का संग्रह है। यहाँ आप पाएँगे —
- सूचक और pH के सरल प्रश्न
- अम्ल-क्षारक की धातुओं/कार्बोनेटों से अभिक्रियाएँ
- उदासीनीकरण के संख्यात्मक प्रश्न
- pH स्केल और गणनाएँ
- दैनिक जीवन में pH के अनुप्रयोग
- लवणों का pH और परिवार
- साधारण नमक से बनने वाले रसायनों पर प्रश्न
- NCERT पाठ्यपुस्तक के सभी प्रमुख प्रश्न
अध्ययन की रणनीति:
- हर उदाहरण को पहले स्वयं हल करने का प्रयास करें।
- हल देखकर तुलना करें।
- महत्वपूर्ण समीकरण रट लें।
- NCERT के अंत में दिए अभ्यास भी हल करें।
आइए शुरू करें!
उदाहरण 1: NCERT — फ़ीनॉल्फ़थेलीन का रंग परिवर्तन
फ़ीनॉल्फ़थेलीन तनु में रंगहीन है, परंतु में गुलाबी हो जाता है। इसका कारण क्या है?
हल:
सिद्धांत: फ़ीनॉल्फ़थेलीन एक कमज़ोर अम्ल है। इसकी दो रूप होते हैं:
- अम्ल/तटस्थ माध्यम में: अनआयनीकृत रूप — रंगहीन।
- क्षारकीय माध्यम में: आयनीकृत रूप () — गुलाबी/लाल-बैंगनी।
विश्लेषण:
तनु में:
- अम्ल पर्यावरण → फ़ीनॉल्फ़थेलीन अनआयनीकृत → रंगहीन ✓
तनु में:
- क्षारक पर्यावरण → फ़ीनॉल्फ़थेलीन आयनीकृत → गुलाबी ✓
व्यावहारिक उपयोग:
- अनुमापन (titration) में अंतिम बिंदु पहचानने के लिए।
- क्षारक की पहचान।
[NCERT — बार-बार पूछा गया]
उदाहरण 2: NCERT — Zn + तनु
ज़िंक के दानेदार टुकड़े पर तनु डालने पर क्या प्रेक्षण होंगे? रासायनिक अभिक्रिया लिखें। निकली गैस की पहचान कैसे करेंगे?
हल:
प्रेक्षण:
- ज़िंक के दानों के चारों ओर बुलबुले उठते हैं।
- परखनली गर्म हो जाती है।
- ज़िंक धीरे-धीरे घुलता है।
अभिक्रिया:
हाइड्रोजन की पहचान:
- गैस को साबुन के घोल से प्रवाहित करें — साबुन के बुलबुले बनेंगे।
- एक जलती मोमबत्ती पास लाएँ — गैस 'पॉप' की ध्वनि के साथ जलेगी।
- यह का प्रसिद्ध परीक्षण है।
उदाहरण 3: NCERT — का परीक्षण
पर तनु डालने पर क्या होता है? निकली गैस की पहचान कैसे करेंगे?
हल:
अभिक्रिया:
प्रेक्षण: तेज़ बुलबुले — रंगहीन, गंधहीन गैस।
की पहचान — चूने का जल परीक्षण:
(श्वेत — चूने का जल दूधिया हो जाता है)
यह की पहचान का सबसे प्रसिद्ध परीक्षण है।
उदाहरण 4: NCERT — उदासीनीकरण
जल में का विलयन के विलयन से अभिक्रिया करके सोडियम क्लोराइड और जल बनाता है। संतुलित समीकरण लिखें। यह कौन-सी अभिक्रिया है?
हल:
अभिक्रिया:
यह कौन-सी अभिक्रिया?
- उदासीनीकरण अभिक्रिया — अम्ल + क्षारक → लवण + जल।
- द्विविस्थापन का विशेष प्रकार।
आयनिक रूप:
(Na⁺ और Cl⁻ दर्शक आयन)
दैनिक जीवन में:
- एसिडिटी का उपचार ()।
- अम्लीय मिट्टी में चूना मिलाना।
उदाहरण 5: NCERT — +
काले पर तनु डालने पर क्या प्रेक्षण होंगे? अभिक्रिया लिखें।
हल:
प्रेक्षण:
- काला धीरे-धीरे घुलता है।
- विलयन का रंग हरा-नीला हो जाता है (कॉपर क्लोराइड)।
अभिक्रिया:
(काला) (हरा-नीला)
यह कौन-सी अभिक्रिया?
- अम्ल + धात्विक ऑक्साइड → लवण + जल।
- यह सिद्ध करता है कि धात्विक ऑक्साइड क्षारकीय हैं।
उदाहरण 6: NCERT — सर्वत्रिक सूचक
सर्वत्रिक सूचक के रंग pH 1, pH 7, और pH 12 पर बताइए।
हल:
| pH | रंग | प्रकृति |
|---|---|---|
| 1 | लाल | प्रबल अम्ल |
| 7 | हरा | तटस्थ |
| 12 | बैंगनी / नीला-बैंगनी | प्रबल क्षारक |
सर्वत्रिक सूचक एक मिश्रण है — कई सूचकों का संयोजन। हर pH मान पर अलग रंग।
उदाहरण 7: NCERT — pH की गणना
यदि M, तो pH क्या होगा? यह विलयन कैसा है?
हल:
विलयन की प्रकृति: अम्लीय (pH < 7)।
व्यावहारिक संदर्भ: pH 4 — टमाटर के समान अम्लीय।
उदाहरण 8: NCERT — pH से सान्द्रता
यदि किसी विलयन का pH = 9 है, तो क्या होगी?
हल:
विलयन की प्रकृति: क्षारकीय (pH > 7)।
(उदाहरण: बेकिंग सोडा का घोल इसी पारिसर का।)
उदाहरण 9: NCERT — pH में अंतर
pH 3 का विलयन pH 6 के विलयन से कितना अधिक अम्लीय है?
हल:
अंतर: pH इकाई।
अम्लता का अनुपात: गुना
उत्तर: pH 3 का विलयन pH 6 से 1000 गुना अधिक अम्लीय है।
सिद्धांत: pH एक लघुगणकीय स्केल है।
उदाहरण 10: NCERT — एसिडिटी का उपचार
एसिडिटी होने पर मिल्क ऑफ़ मैग्नीशिया क्यों दिया जाता है? रासायनिक अभिक्रिया लिखें।
हल:
मिल्क ऑफ़ मैग्नीशिया = (क्षारकीय)।
यह काम कैसे करता है?
- एसिडिटी = आमाशय में अधिक ।
- क्षारक है — अधिक को उदासीन करता है।
- pH सामान्य हो जाता है — जलन कम।
अभिक्रिया:
यह उदासीनीकरण अभिक्रिया है।
उदाहरण 11: NCERT — दंत-क्षरण
दाँत क्षयग्रस्त कैसे होते हैं? रोकथाम के तीन उपाय।
हल:
दंत-क्षरण का तंत्र:
- हम चीनी खाते हैं।
- मुख के जीवाणु चीनी से अम्ल (लैक्टिक अम्ल) बनाते हैं।
- मुख का pH 5.5 से नीचे चला जाता है।
- दाँत का एनैमल () घुलने लगता है।
- लंबे समय में cavities बनती हैं।
तीन रोकथाम:
- भोजन के बाद मुख धोना।
- क्षारकीय टूथपेस्ट से ब्रश।
- कम चीनी का सेवन।
उदाहरण 12: NCERT — मधुमक्खी के डंक का उपचार
मधुमक्खी के डंक पर बेकिंग सोडा क्यों लगाते हैं?
हल:
कारण: मधुमक्खी के डंक में फॉर्मिक अम्ल () होता है — जलन का कारण।
बेकिंग सोडा का काम:
- क्षारक है।
- फॉर्मिक अम्ल को उदासीन करता है।
- दर्द कम होता है।
अभिक्रिया:
ततैया (wasp): डंक क्षारकीय → सिरका/नींबू (अम्ल) से उपचार।
उदाहरण 13: NCERT — अम्ल वर्षा
अम्ल वर्षा क्या है? इसके दो प्रभाव बताइए।
हल:
परिभाषा: जब वर्षा का pH 5.6 से कम हो जाए, तो उसे अम्ल वर्षा कहते हैं।
कारण: वायु प्रदूषक गैसें (, ) → वर्षा में अम्ल बनाती हैं।
दो प्रभाव:
- नदियों/झीलों में मछलियाँ मरती हैं (कम pH से जल-जीव हानि)।
- संगमरमर इमारतें (जैसे ताज महल) घुलती हैं ()।
उदाहरण 14: NCERT — अम्लीय मिट्टी
एक किसान की मिट्टी अम्लीय है। उसका क्या उपचार है?
हल:
समस्या: अधिकांश फसलें pH 6-7.5 में अच्छी उगती हैं। अम्लीय मिट्टी (pH < 5.5) में फसल कम।
उपचार: बुझा हुआ चूना () मिलाएँ।
अभिक्रिया:
(मिट्टी का अम्ल उदासीन — pH बढ़ता है)
अन्य विकल्प: डोलोमाइट, बिना बुझा चूना।
उदाहरण 15: NCERT — लवण का pH
निम्न लवणों की प्रकृति बताइए — , , , ।
हल:
| लवण | जनक अम्ल | जनक क्षारक | प्रकृति |
|---|---|---|---|
| प्रबल | प्रबल | तटस्थ (pH=7) | |
| प्रबल () | दुर्बल () | अम्लीय | |
| दुर्बल | प्रबल | क्षारकीय | |
| दुर्बल () | प्रबल | क्षारकीय |
नियम: दोनों प्रबल → तटस्थ; एक प्रबल/एक दुर्बल → कमज़ोर वाले की प्रकृति।
उदाहरण 16: NCERT — कॉपर सल्फ़ेट का गर्म करना
नीले क्रिस्टल को गर्म करने पर रंग क्यों बदलता है? अभिक्रिया लिखें।
हल:
अभिक्रिया:
व्याख्या:
- नीले क्रिस्टल में 5 क्रिस्टल जल अणु बँधे हैं — रंग का कारण।
- गर्म करने पर जल वाष्पित — अनहाइड्रस श्वेत होता है।
- ठंडा होने और जल मिलाने पर — वापस नीला।
यह जल-परीक्षण का प्रसिद्ध उदाहरण है।
उदाहरण 17: NCERT — साधारण नमक के स्रोत
भारत में साधारण नमक के तीन प्रमुख स्रोत बताइए।
हल:
तीन स्रोत:
1. समुद्री जल (सबसे बड़ा):
- गुजरात — ~ 75%
- तमिलनाडु, ओडिशा, आंध्र प्रदेश
- विधि: सूर्य-वाष्पन।
2. नमक की झीलें:
- सांभर झील (राजस्थान)
- डीडवाना झील
3. पत्थर का नमक:
- हिमाचल प्रदेश का मण्डी जिला।
ऐतिहासिक: नमक सत्याग्रह (1930) — स्वतंत्रता संग्राम का हिस्सा।
उदाहरण 18: NCERT — क्लोर-क्षार प्रक्रिया
क्लोर-क्षार प्रक्रिया क्या है? तीन उत्पादों के नाम।
हल:
परिभाषा: के जलीय विलयन के विद्युत-अपघटन से।
अभिक्रिया:
तीन उत्पाद:
| उत्पाद | निकलने का स्थान |
|---|---|
| विलयन में | |
| एनोड पर | |
| कैथोड पर |
नाम: 'क्लोर' = क्लोरीन; 'क्षार' = ।
उदाहरण 19: NCERT — विरंजक चूर्ण
विरंजक चूर्ण कैसे बनता है? तीन उपयोग।
हल:
सूत्र:
निर्माण:
(बुझा चूना + क्लोरीन)
तीन उपयोग:
- कपास/लिनेन का विरंजन।
- कागज़ उद्योग में गूदे का विरंजन।
- जल शुद्धीकरण (पीने का पानी, स्विमिंग पूल)।
उदाहरण 20: NCERT — बेकिंग सोडा
बेकिंग सोडा का सूत्र, निर्माण, और तीन उपयोग।
हल:
सूत्र:
निर्माण (Solvay का भाग):
गर्म करने पर:
तीन उपयोग:
- बेकिंग में — केक/बिस्कुट को फूलाने।
- एसिडिटी का उपचार।
- अग्नि-शामक यंत्र में।
उदाहरण 21: NCERT — धोने का सोडा
धोने का सोडा कठोर जल को मुलायम कैसे बनाता है?
हल:
अभिक्रिया:
सिद्धांत: कठोरता-आयन () अघुलनशील कार्बोनेट के रूप में अवक्षेपित। जल मुलायम।
सूत्र:
उदाहरण 22: NCERT — POP
POP कैसे बनता है? जल मिलाने पर क्या होता है?
हल:
सूत्र:
निर्माण (जिप्सम से):
जल मिलाने पर: वापस जिप्सम बनकर कठोर ठोस बनाता है।
उपयोग: टूटी हड्डी का plaster, मूर्तिकला, सीलिंग।
उदाहरण 23: संख्यात्मक — उदासीनीकरण
40 g की पूर्ण उदासीनीकरण के लिए कितना चाहिए? (Na=23, O=16, H=1, Cl=35.5)
हल:
अभिक्रिया:
अणुभार:
अनुपात: 40 g + 36.5 g
दिया है: 40 g → g चाहिए।
उदाहरण 24: संख्यात्मक — पानी का प्रतिशत
में जल का प्रतिशत क्या है? (Na=23, C=12, O=16, H=1)
हल:
अणुभार:
- कुल g/mol
जल का प्रतिशत:
उत्तर: ~ 63% जल (एक उच्च जल-प्रतिशत वाला हाइड्रेटेड लवण)।
उदाहरण 25: एक मिश्र pH प्रश्न
एक छात्र ने दो विलयन मिलाए — M और M समान आयतन में। अंतिम विलयन का pH क्या होगा?
हल:
विश्लेषण:
- दोनों समान सान्द्रता और समान आयतन में।
- पूर्ण आयनीकृत — पूरा देगा।
- पूर्ण आयनीकृत — पूरा देगा।
अभिक्रिया:
समान मात्रा में और → पूर्ण उदासीनीकरण।
अंतिम विलयन: केवल → तटस्थ।
pH = 7
सीख: प्रबल अम्ल + प्रबल क्षारक = तटस्थ लवण।
उदाहरण 26: NCERT — पाँच प्रश्न
(a) सूचक क्या हैं? (b) pH स्केल का परिसर। (c) नीला लिटमस अम्ल में क्या होता है? (d) उदासीनीकरण क्या है? (e) कास्टिक सोडा का सूत्र।
हल:
(a) सूचक: वे पदार्थ जो रंग/गंध बदलकर अम्ल/क्षारक की उपस्थिति दर्शाते हैं।
(b) pH स्केल का परिसर: 0 से 14।
(c) नीला लिटमस अम्ल में: लाल हो जाता है।
(d) उदासीनीकरण: अम्ल + क्षारक → लवण + जल। आयनिक: ।
(e) कास्टिक सोडा का सूत्र: (सोडियम हाइड्रॉक्साइड)।
उदाहरण 27: एक तर्क-आधारित प्रश्न
शुष्क नीले लिटमस को लाल नहीं करता। क्यों?
हल:
सिद्धांत: अम्लीय गुण (या ) के कारण होते हैं — और ये केवल जल में बनते हैं।
शुष्क में:
- केवल अणु।
- कोई आयनीकरण नहीं — कोई अलग नहीं।
- अतः अम्लीय गुण नहीं दिखाते।
सिद्ध करें:
- शुष्क नीले लिटमस पर शुष्क — कोई परिवर्तन नहीं।
- गीले नीले लिटमस पर शुष्क — तुरंत लाल।
निष्कर्ष: अम्लीय गुणों के लिए जल अनिवार्य है।
उदाहरण 28: NCERT — एक तुलना
प्रबल अम्ल और दुर्बल अम्ल में अंतर बताइए। दो-दो उदाहरण।
हल:
| आधार | प्रबल अम्ल | दुर्बल अम्ल |
|---|---|---|
| आयनीकरण | पूर्ण (~ 100%) | आंशिक (< 5%) |
| सान्द्रता | अधिक | कम |
| pH | 1-3 | 4-6 |
| धातु से क्रिया | तेज़ | धीमी |
प्रबल: , ,
दुर्बल: , ,
उदाहरण 29: NCERT — विरंजक चूर्ण की क्रिया
विरंजक चूर्ण विरंजन कैसे करता है? रासायनिक अभिक्रिया।
हल:
सिद्धांत: विरंजक चूर्ण → मुक्त → ऑक्सीकारक → रंजकों को रंगहीन।
चरण-दर-चरण:
[O] एक प्रबल ऑक्सीकारक है — जो रंजकों को नष्ट करता है।
उदाहरण 30: NCERT — अंतर बताइए
बेकिंग सोडा और धोने के सोडा में पाँच अंतर।
हल:
| आधार | बेकिंग सोडा | धोने का सोडा |
|---|---|---|
| रासायनिक नाम | सोडियम हाइड्रोजन कार्बोनेट | सोडियम कार्बोनेट डिकाहाइड्रेट |
| सूत्र | ||
| क्रिस्टल जल | नहीं | 10 |
| pH | ~ 8.5 | ~ 11-12 |
| उपयोग | खाद्य, एंटैसिड | कपड़े धोना, काँच उद्योग |
सम्बन्ध: बेकिंग सोडा को गर्म करने से बनता है — जिससे धोने का सोडा बनता है।
उदाहरण 31: NCERT — मिश्र अनुप्रयोग
निम्न दैनिक जीवन के समस्याओं का सही उपचार: (a) पेट में जलन (b) मधुमक्खी का डंक (c) ततैया का डंक (d) अम्लीय मिट्टी
हल:
| समस्या | प्रकृति | उपचार |
|---|---|---|
| (a) पेट में जलन | अम्ल अधिक | बेकिंग सोडा / मिल्क ऑफ़ मैग्नीशिया |
| (b) मधुमक्खी का डंक | अम्ल (फॉर्मिक) | बेकिंग सोडा |
| (c) ततैया का डंक | क्षारक | सिरका / नींबू |
| (d) अम्लीय मिट्टी | अम्ल | बुझा चूना |
सामान्य नियम: समस्या की प्रकृति के विपरीत उपचार।
उदाहरण 32: एक संख्यात्मक चुनौती
के 1 mol को विद्युत-अपघटन करके कितना और मिलेगा? (Na=23, Cl=35.5, O=16, H=1)
हल:
अभिक्रिया:
मोल अनुपात: 2 mol NaCl → 2 mol NaOH + 1 mol Cl₂ + 1 mol H₂
सरल अनुपात: 1 mol NaCl → 1 mol NaOH + 0.5 mol Cl₂
द्रव्यमान:
- 1 mol NaCl = 58.5 g
- 1 mol NaOH = 40 g
- 0.5 mol Cl₂ = 35.5 g
उत्तर:
- NaOH = 40 g
- Cl₂ = 35.5 g
- H₂ = 1 g
उदाहरण 33: NCERT — अंतिम बहु-विषय
(a) उदासीनीकरण की परिभाषा। (b) pH स्केल का परिचय। (c) कास्टिक सोडा का उपयोग। (d) POP को नम जगह से दूर क्यों रखें? (e) क्रिस्टल जल का उदाहरण।
हल:
(a) उदासीनीकरण: अम्ल + क्षारक → लवण + जल। आयनिक: ।
(b) pH स्केल: 0-14। pH < 7 अम्लीय; pH = 7 तटस्थ; pH > 7 क्षारकीय। ।
(c) कास्टिक सोडा का उपयोग: साबुन उद्योग, कागज़ निर्माण, पेट्रोलियम शुद्धीकरण।
(d) POP को नम जगह से दूर क्यों: नमी सोखकर POP वापस जिप्सम बन जाता है — POP की तरह काम नहीं करता।
(e) क्रिस्टल जल का उदाहरण: (नीला विट्रिऑल) — 5 जल अणु।
उदाहरण 34: एक अनुप्रयोग प्रश्न
एक चायपत्ती के पानी में नींबू डालने पर रंग हल्का हो जाता है। क्यों?
हल:
सिद्धांत: चायपत्ती में रंजक (टैनिन) होते हैं — जो pH-संवेदी हैं।
विश्लेषण:
- सादी चाय का pH ~ 5 (हल्का अम्लीय)।
- रंग गहरा भूरा-लाल।
- नींबू (साइट्रिक अम्ल) डालने पर pH और कम।
- रंजक अधिक अम्लीय रूप में आ जाते हैं।
- रंग हल्का हो जाता है।
यह दर्शाता है: चाय एक प्राकृतिक अम्ल-क्षारक सूचक के रूप में काम करता है।
अन्य उदाहरण: लाल पत्तागोभी का रस, हल्दी, बैंगनी फूल।
उदाहरण 35: एक समापन प्रश्न
सारांश में बताइए — अध्याय 2 के पाँच मुख्य विषय क्या हैं?
हल:
अध्याय 2 के पाँच मुख्य विषय:
1. सूचक:
- प्राकृतिक (लिटमस, हल्दी), कृत्रिम (फ़ीनॉल्फ़थेलीन, मेथिल ऑरेंज), गंध-सूचक (प्याज़, वनीला)।
2. अम्ल-क्षारक की अभिक्रियाएँ:
- धातुओं से ( निकलता है)
- कार्बोनेटों से ( निकलता है)
- एक-दूसरे से (उदासीनीकरण)
- ऑक्साइडों से
3. आयनिक स्वरूप:
- अम्ल = देने वाला
- क्षारक = देने वाला
- तनुकरण और सावधानी
- प्रबल/दुर्बल
4. pH स्केल और दैनिक जीवन:
- 0-14 स्केल
- आमाशय, रक्त, मुख का pH
- एसिडिटी, दंत-क्षरण, अम्ल वर्षा, मिट्टी, डंक
5. लवण:
- परिभाषा, परिवार
- pH के 4 प्रकार
- क्रिस्टल जल
- साधारण नमक से बने रसायन (, , , , POP)
बोर्ड परीक्षा में सबसे महत्वपूर्ण:
- फ़ीनॉल्फ़थेलीन के रंग
- सान्द्र अम्ल का तनुकरण (सावधानी)
- pH के दैनिक उदाहरण (आमाशय 1-2, रक्त 7.4)
- एसिडिटी का उपचार
- से 4 रसायन
- POP और जिप्सम
यह अध्याय रसायन विज्ञान के एक मूल अध्याय में से एक है — दैनिक जीवन से सीधा जुड़ा है।
[बोर्ड परीक्षा का सर्वांगीण सारांश]