विद्युत धारा का तापीय प्रभाव

स्रोत (सेल/बैटरी) धारा बनाए रखने के लिए ऊर्जा व्यय करता है। यदि परिपथ पूर्णतः प्रतिरोधी (केवल प्रतिरोधक) हो, तो यह सारी ऊर्जा ऊष्मा के रूप में क्षयित होती है। यही विद्युत धारा का तापीय प्रभाव है, जो हीटर, इस्तरी, टोस्टर व गीज़र में प्रयुक्त होता है।

विद्युत धारा का ऊष्मीय प्रभाव और फ्यूज की क्रिया

आरेख के अंग्रेज़ी लेबलों के हिन्दी अर्थ:

English (in image) हिन्दी
Heating coil तापन कुंडली
Joule heating H = I^2 R t जूल तापन H = I^2 R t
Electric fuse विद्युत फ्यूज़
in series श्रेणी में
fuse melts, circuit breaks फ्यूज़ पिघलता, परिपथ टूटता
Power P = VI शक्ति P = VI

किसी प्रतिरोधक RR में विभवांतर VV के साथ समय tt तक धारा II पर विचार करें। आवेश QQ को VV से गुजारने में किया गया कार्य VQVQ है, अतः प्रदान की गई शक्ति है:

P=VQt=VIP = V\frac{Q}{t} = VI

समय tt में प्रदान की गई ऊर्जा VItVIt है, और यह सब ऊष्मा के रूप में प्रकट होती है:

H=VItH = VIt

जूल का तापन नियम

ओम का नियम (V=IRV = IR) प्रयोग करने पर, उत्पन्न ऊष्मा बनती है:

H=I2Rt\boxed{H = I^2 R t}

यही जूल का तापन नियम है। प्रतिरोधक में उत्पन्न ऊष्मा है:

  1. दिए प्रतिरोध के लिए धारा के वर्ग (I2I^2) के अनुक्रमानुपाती,
  2. दी धारा के लिए प्रतिरोध (RR) के अनुक्रमानुपाती, तथा
  3. जिस समय (tt) तक धारा बहती है उसके अनुक्रमानुपाती।

[परीक्षा युक्ति] चूँकि HI2H \propto I^2, धारा दोगुनी करने से चार गुना ऊष्मा बनती है।

विद्युत शक्ति तथा उसका मात्रक

विद्युत शक्ति वह दर है जिस पर विद्युत ऊर्जा व्यय या क्षयित होती है:

P=VI=I2R=V2RP = VI = I^2 R = \frac{V^2}{R}

शक्ति का SI मात्रक वाट (W) है: 1 W=1 V×1 A1\ \text{W} = 1\ \text{V} \times 1\ \text{A}। बड़ा मात्रक किलोवाट (1 kW=1000 W1\ \text{kW} = 1000\ \text{W}) है।

चूँकि ऊर्जा = शक्ति × समय, विद्युत ऊर्जा का व्यावसायिक मात्रक किलोवाट-घंटा (kW h) है, जिसे सामान्यतः "यूनिट" कहते हैं:

1 kW h=1000 W×3600 s=3.6×106 J1\ \text{kW h} = 1000\ \text{W} \times 3600\ \text{s} = 3.6 \times 10^6\ \text{J}

व्यावहारिक अनुप्रयोग: बल्ब व फ्यूज़

  • विद्युत बल्ब: तंतु (टंगस्टन, गलनांक 3380°C) श्वेत-तप्त होकर प्रकाश उत्सर्जित करता है; बल्ब निष्क्रिय नाइट्रोजन/आर्गन से भरे होते हैं ताकि तंतु का जीवन बढ़े। अधिकांश ऊर्जा ऊष्मा के रूप में, छोटा भाग प्रकाश के रूप में प्रकट होता है।
  • विद्युत फ्यूज़: उपकरण के साथ श्रेणी में लगा एक सुरक्षा उपकरण। यह कम गलनांक के तार का छोटा टुकड़ा है। यदि धारा सुरक्षित मान से अधिक हो, तो फ्यूज़ तार गर्म होकर पिघलता है व परिपथ तोड़ देता है, उपकरण की रक्षा करता है। घरेलू फ्यूज़ 1 A, 2 A, 3 A, 5 A, 10 A आदि रेटेड होते हैं।

उदाहरण: 220 V पर 1 kW इस्तरी I=1000/220=4.54I = 1000/220 = 4.54 A लेती है, अतः 5 A फ्यूज़ प्रयुक्त होता है।

[परीक्षा युक्ति] शक्ति के तीनों रूप याद रखें: P=VI=I2R=V2/RP = VI = I^2R = V^2/R। ऊर्जा की लागत = (kW में शक्ति) × (घंटे) × (प्रति यूनिट दर)।

हल किए गए उदाहरण

उदाहरण 1: इस्तरी की धारा व प्रतिरोध (NCERT 11.10)

एक विद्युत इस्तरी अधिकतम पर 840 W व न्यूनतम पर 360 W व्यय करती है, 220 V पर। प्रत्येक स्थिति में धारा व प्रतिरोध ज्ञात कीजिए।

हल: P=VIP = VI से, I=P/VI = P/V। अधिकतम: I=840/220=3.82 AI = 840/220 = 3.82\ \text{A}; R=V/I=220/3.82=57.6 ΩR = V/I = 220/3.82 = 57.6\ \Omega। न्यूनतम: I=360/220=1.64 AI = 360/220 = 1.64\ \text{A}; R=220/1.64=134.15 ΩR = 220/1.64 = 134.15\ \Omega

उदाहरण 2: तापन से विभवांतर (NCERT 11.11)

4 Ω प्रतिरोधक में प्रति सेकंड 100 J ऊष्मा उत्पन्न होती है। उस पर विभवांतर ज्ञात कीजिए।

हल: H=100H = 100 J, R=4 ΩR = 4\ \Omega, t=1t = 1 s। H=I2RtH = I^2 R t से: I=HRt=1004×1=5 AI = \sqrt{\frac{H}{Rt}} = \sqrt{\frac{100}{4 \times 1}} = 5\ \text{A} V=IR=5×4=20 VV = IR = 5 \times 4 = 20\ \text{V}

उदाहरण 3: बल्ब की शक्ति (NCERT 11.12)

220 V आपूर्ति पर एक विद्युत बल्ब 0.50 A लेता है। इसकी शक्ति ज्ञात कीजिए।

हल: P=VI=220×0.50=110 WP = VI = 220 \times 0.50 = 110\ \text{W}

उदाहरण 4: रेफ्रिजरेटर चलाने की लागत (NCERT 11.13)

एक 400 W रेफ्रिजरेटर प्रतिदिन 8 घंटे चलता है। इसे 30 दिन चलाने की लागत Rs 3.00 प्रति kW h पर ज्ञात कीजिए।

हल: ऊर्जा =400 W×8 h×30=96000 W h=96 kW h= 400\ \text{W} \times 8\ \text{h} \times 30 = 96000\ \text{W h} = 96\ \text{kW h}। लागत =96×3.00=Rs 288.00= 96 \times 3.00 = \text{Rs}\ 288.00

उदाहरण 5: इस्तरी में उत्पन्न ऊष्मा (NCERT प्र.)

20 Ω प्रतिरोध की विद्युत इस्तरी 5 A धारा लेती है। 30 s में उत्पन्न ऊष्मा ज्ञात कीजिए।

हल: H=I2Rt=(5)2×20×30=25×20×30=15000 J=15 kJH = I^2 R t = (5)^2 \times 20 \times 30 = 25 \times 20 \times 30 = 15000\ \text{J} = 15\ \text{kJ}

उदाहरण 6: कम वोल्टता पर शक्ति (NCERT अभ्यास प्र.3)

220 V, 100 W रेटेड बल्ब को 110 V पर चलाया जाता है। व्यय शक्ति ज्ञात कीजिए।

हल: प्रतिरोध R=V2/P=(220)2/100=484 ΩR = V^2/P = (220)^2/100 = 484\ \Omega (नियत)। 110 V पर: P=V2/R=(110)2/484=12100/484=25 WP = V^2/R = (110)^2/484 = 12100/484 = 25\ \text{W}। (वोल्टता आधी करने पर शक्ति एक-चौथाई हो जाती है।)